मनिहारी – प्रखंड की बघार पंचायत में रविवार को आयोजित विशेष ग्रामसभा में प्रधानमंत्री आवास योजना की लाभुक सूची को लेकर लोगों ने नाराजगी जतायी। ग्रामसभा में पंचायत के विभिन्न वार्डों से पहुंचे लोगों ने पूर्व में कराये गये सर्वेक्षण और अंतिम रूप से प्रकाशित सूची में पात्र लाभुकों की संख्या में बड़े अंतर का मुद्दा उठाते हुए मामले की जांच की मांग की। विशेष ग्रामसभा में मुखिया पिन्टू यादव, पंचायत के सभी वार्डों के वार्ड सदस्य, पंचायत समिति सदस्य एवं आवास सहायक मौजूद थे।
ग्रामसभा के दौरान आवास सहायक ने बताया कि प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत पूर्व में कराये गये सर्वेक्षण में पंचायत क्षेत्र में 823 लोगों को पात्र पाया गया था। वहीं, अंतिम रूप से प्रकाशित सूची में महज 367 लाभुकों के नाम शामिल किये गये हैं। सर्वेक्षण में पात्र पाये जाने के बावजूद सूची से नाम गायब होने को लेकर बड़ी संख्या में वंचित लोगों ने अपनी नाराजगी व्यक्त की।
ग्रामीणों ने कहा कि यदि सर्वेक्षण के दौरान पात्र पाये गये लोगों की संख्या 823 थी तो अंतिम सूची में मात्र 367 लोगों को ही शामिल किये जाने का आधार स्पष्ट किया जाना चाहिए। लोगों ने पात्रता के बावजूद नाम सूची में नहीं आने की स्थिति में पारदर्शी तरीके से पुनः जांच कराकर वास्तविक जरूरतमंद परिवारों को योजना का लाभ दिलाने की मांग की।
इस दौरान मुखिया पिन्टू यादव ने बघार पंचायत के साथ अधिकारियों पर सौतेला व्यवहार किये जाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि पंचायत के कई जरूरतमंद परिवार आवास योजना के लाभ से वंचित हैं, जबकि पूर्व के सर्वेक्षण में बड़ी संख्या में लोगों को पात्र पाया गया था। उन्होंने संबंधित अधिकारियों से मामले की गंभीरता से जांच कर पात्र लाभुकों के नाम सूची में शामिल करने की मांग की।