न्यूज लेमनचूस

Follow Us:

न्यूज लेमनचूस

AIMIM प्रदेश अध्यक्ष ने यूसीसी को बताया ‘काला कानून’,योगी सरकार पर भी बरसे

एआईएमआईएम प्रदेश अध्यक्ष बोले—मुसलमानों की आजादी छीनी जा रही, सहारनपुर में मस्जिद गिराना ‘सरकार का नंगा नाच’


उत्तर प्रदेश में मुस्लिम बच्चों से लगवाया जा रहा है जय श्री राम का नारा

राजेश दुबे/किशनगंज

एआईएमआईएम के बिहार प्रदेश अध्यक्ष अख्तरूल ईमान ने मध्य प्रदेश में लागू समान नागरिक संहिता (यूसीसी), उत्तर प्रदेश के सहारनपुर में कथित अवैध मस्जिद को ध्वस्त किए जाने और बिहार में बाढ़ राहत व्यवस्था को लेकर भाजपा सरकारों पर तीखा हमला बोला है। पत्रकार वार्ता में उन्होंने मध्य प्रदेश की मोहन यादव सरकार और उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार पर जमकर निशाना साधा।

अख्तरूल ईमान ने कहा कि एआईएमआईएम की ओर से मध्य प्रदेश में समान नागरिक संहिता के खिलाफ जनजागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि अभियान की शुरुआत 31 अगस्त को बुरहानपुर से की गई, लेकिन सरकार की ओर से कार्यक्रमों की अनुमति नहीं दी गई। जिन-जिन जिलों में कार्यक्रम आयोजित करने के लिए अनुमति मांगी गई, वहां प्रशासन ने अनुमति देने से इनकार कर दिया, जबकि यह केवल जागरूकता कार्यक्रम था।

उन्होंने कहा, “लोकतंत्र में हर व्यक्ति को अपनी आस्था और धर्म मानने की आजादी है। भाजपा सरकार ने काला कानून लागू कर मुसलमानों की आजादी छीनने का प्रयास किया है। सरकार के गलत कानून का विरोध करना हमारा संवैधानिक अधिकार है।”

ईमान ने आरोप लगाया कि अभियान के दौरान एआईएमआईएम के पांच कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार भी किया गया था। बाद में उन्हें छुड़ा लिया गया।

सहारनपुर मस्जिद मामले पर योगी सरकार को घेरा

सहारनपुर में मस्जिद ध्वस्तीकरण से जुड़े सवाल पर अख्तरूल ईमान ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि उत्तर प्रदेश में वोटों के ध्रुवीकरण के लिए इस तरह की कार्रवाई की जा रही है।

उन्होंने कहा कि मस्जिद किसी की निजी या सरकारी जमीन पर जबरन नहीं बनाई गई थी। उनके अनुसार, जिस व्यक्ति की जमीन पर मस्जिद का निर्माण हुआ था, उसी व्यक्ति ने जिलाधिकारी कार्यालय के लिए भी जमीन दी थी और जिलाधिकारी कार्यालय से पहले मस्जिद का निर्माण हुआ था। ईमान ने मस्जिद तोड़े जाने को “अदालत की कमजोरी और सरकार का नंगा नाच” करार दिया।

एआईएमआईएम नेता ने आरोप लगाया कि योगी सरकार उत्तर प्रदेश में मुसलमानों के खिलाफ एकतरफा कार्रवाई कर रही है। उन्होंने कहा कि राज्य में कानून की धज्जियां उड़ाई जा रही हैं और ऐसे मामलों पर उच्चतम न्यायालय को स्वतः संज्ञान लेना चाहिए।

‘बच्चों को राम के नारे लगाने के लिए मजबूर किया जा रहा’

अख्तरूल ईमान ने आरोप लगाया कि उत्तर प्रदेश में मुस्लिम बच्चों को राम के नारे लगाने के लिए मजबूर किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि इस तरह की घटनाएं देश की एकता और अखंडता के लिए गंभीर खतरा हैं।

उन्होंने आरोप लगाया कि उत्तर प्रदेश सरकार की नीतियां समाज में विभाजन पैदा कर रही हैं। उन्होंने कहा कि सरकार को ऐसी कार्रवाइयों पर रोक लगाकर कानून के मुताबिक निष्पक्ष कार्रवाई सुनिश्चित करनी चाहिए।

ईमान ने भाजपा सरकारों पर हमला बोलते हुए कहा कि लोकतंत्र में विरोध की आवाज दबाने के बजाय सरकारों को जनता के सवालों का जवाब देना चाहिए।

Share this news

Leave a Comment