कटिहार – जिला विधिक सेवा प्राधिकार की ओर से दहेज प्रथा, लैंगिक समानता, संवैधानिक मूल्य एवं महिला अधिकार विषय पर विधिक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया।कार्यक्रम की अध्यक्षता अवर न्यायाधीश कमलेश सिंह देव ने की। उन्होंने कहा कि दहेज प्रथा एक सामाजिक बुराई है, जिसे समाप्त करने के लिए समाज के हर वर्ग को आगे आना होगा।
कार्यक्रम में सिविल सर्जन डॉ. एस. सरकार ने स्वास्थ्य जागरूकता एवं महिला स्वास्थ्य पर संबोधन दिया। उन्होंने कहा कि स्वस्थ महिलाएँ ही स्वस्थ समाज की नींव हैं। वहीं डॉ. आभा कुमारी ने संवैधानिक मूल्यों एवं महिला अधिकारों पर चर्चा करते हुए कहा कि महिलाओं को अपने अधिकारों की जानकारी होना आज की सबसे बड़ी जरूरत है। कार्यक्रम में प्रभा वर्मा, एसपीओ प्रवीण कुमार, टीएसएन रोशन कुमार, अविनाश कुमार, आशीष कुमार झा, प्रधान सहित सभी पदाधिकारी एवं कर्मी उपस्थित रहे और सभी ने सक्रिय रूप से सहयोग किया।
कार्यक्रम में कुल 70 एएनएम आशा कर्मी एवं स्वास्थ्य कर्मियों ने सक्रिय भागीदारी की। उन्हें कानूनी सहायता, निःशुल्क परामर्श, महिला सुरक्षा कानून एवं दहेज उन्मूलन के संबंध में विस्तृत जानकारी दी गई। अंत में सभी ने दहेज प्रथा उन्मूलन हेतु शपथ ली।डॉ. आभा कुमारी ने कहा कि इस तरह का कार्यक्रम हर माह में एक बार होना चाहिए, जिससे महिलाओं को कानूनी सहायता मिल सके और उन्हें अपने अधिकारों के बारे में जानकारी मिल सके।
उन्होंने इस कार्यक्रम की बहुत सराहना की और न्यायाधीश कमलेश सिंह देव धन्यवाद दिया।उन्होंने जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सभी पदाधिकारियों को तहे दिल से धन्यवाद दिया और कहा कि इस तरह के कार्यक्रम का आयोजन बराबर होते रहना चाहिए और इसे ब्लॉक स्तर पर भी करना चाहिए, जिससे गांव की महिलाएं, समाज की महिलाएं हमेशा जागरूक रहें। उन्होंने शिक्षा का अधिकार, न्याय का अधिकार और स्वास्थ्य का अधिकार के बारे में भी जानकारी दी।