किशनगंज जिले के दो सनसनीखेज मामलों को लेकर मास्टर मुजाहिद आलम ने एसपी संतोष कुमार से मुलाकात की। उन्होंने मीडिया को बताया कि पहला मामला बिशनपुर थाना क्षेत्र के चर्चित रिजवान हत्याकांड से जुड़ा है, जबकि दूसरा मामला विदेश भेजने के नाम पर ठगी करने वाले एजेंट नाहिद गनी का है। एसपी ने दोनों मामलों में जांच कर कार्रवाई का आश्वासन दिया है।
मास्टर मुजाहिद आलम ने बताया कि बिशनपुर थाना कांड संख्या-34/2026 में रिजवान की हत्या उसकी पत्नी ने साजिश रचकर अन्य लोगों के साथ मिलकर की थी। इस मामले में पीड़ित परिवार के नजीर साहब (मृतक के पिता), उपसरपंच साहब, छोटा भाई साजन और जुल्फिकार बाबू एसपी से मिले।
परिवार की मांग है कि इस कांड में स्पीडी ट्रायल कराया जाए। उन्हें शक है कि हत्या में मृतक की पत्नी के अलावा अन्य परिजन भी शामिल हैं, इसलिए सघन जांच होनी चाहिए। साथ ही पुलिस ने मृतक के घर से ज्वेलरी, कैश और जमीन के कागजात जब्त किए थे, लेकिन जब्ती सूची परिवार को नहीं दी गई।
मास्टर मुजाहिद के अनुसार एसपी ने तुरंत ट्रैफिक डीएसपी राजेश कुमार, जो बिशनपुर थाना का प्रभार देखते हैं, को आदेश दिया है कि पीड़ितों को बुलाकर जब्ती सूची उपलब्ध कराई जाए, सामान वापस दिलाया जाए और मोबाइल व अन्य बिंदुओं पर जांच कर जल्द चार्जशीट दाखिल की जाए ताकि कोर्ट में स्पीडी ट्रायल शुरू हो सके। उन्होंने बताया कि किशनगंज बार एसोसिएशन ने यह केस निःशुल्क लड़ने की घोषणा की है।
वही श्री आलम ने बताया, दूसरा मामला मानव तस्करी से जुड़ा है। आरोप है कि नाहिद गनी नामक एजेंट ने कई युवकों को विदेश भेजने के नाम पर ठगा है। गौरामनी के जावेद आलम से दुबई भेजने के नाम पर 1.40 लाख और वहां 85 हजार ठगे गए, उन्हें 52 हजार खर्च कर लौटना पड़ा। बहादुरगंज के आलम के बेटे से 1,56,824 रुपये और टिकट के 15,500 रुपये लेकर 20 जुलाई को भेजा, 28 जुलाई को वापस आना पड़ा।
इसी तरह मुजाहिद और सरफराज 23 महीने पहले सऊदी गए, 6 महीने ही काम मिला, पासपोर्ट छीन लिया गया। मलेशिया में 40 लड़के 7 महीने से बिना वीजा-सैलरी के फंसे हैं, रेड पड़ने पर जंगल में छिपना पड़ता है। इन सभी मामलों को लेकर एसपी से मिलकर उनसे कार्रवाई की मांग की गई है।