चारपहिया एवं दोपहिया वाहनों के आवागमन की मिलेगी सुविधा, हजारों की आबादी को मिलेगी राहत; ग्रामीणों ने स्थायी आरसीसी पुल निर्माण की उठाई मांग।
विजय कुमार साह/टेढ़ागाछ
प्रखंड क्षेत्र अंतर्गत चिल्हनियां पंचायत स्थित सुहिया रेतुआ नदी पर सोमवार को बांस से निर्मित चचरी पुल का शुभारंभ कर दिया गया। पुल शुरू होने से आसपास के दर्जनों गांवों के हजारों लोगों को आवागमन में बड़ी राहत मिलेगी। अब लोगों को घंटों का सफर तय करने के बजाय कुछ ही मिनटों में नदी पार करने की सुविधा मिलेगी। घाट मालिक तमिज़ुद्दीन ने बताया कि सोमवार से चचरी पुल को आम राहगीरों के आवागमन के लिए खोल दिया गया है।
पुल को पहले की अपेक्षा काफी चौड़ा और मजबूत बनाया गया है, ताकि दोपहिया वाहनों के साथ चारपहिया वाहन भी आसानी से नदी पार कर सकें। इससे स्थानीय लोगों, किसानों, व्यापारियों और छात्र-छात्राओं को काफी सहूलियत होगी। विशेषकर स्कूली बच्चों को समय पर विद्यालय पहुंचने में मदद मिलेगी। वहीं, लोगों को प्रखंड मुख्यालय, जिला मुख्यालय और हाट-बाजार आने-जाने में भी कम समय लगेगा।स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि सुहिया हाट के समीप रेतुआ नदी पर स्थायी आरसीसी पुल निर्माण की मांग वर्षों से की जा रही है।
इस संबंध में सांसद, विधायक, विधान पार्षद एवं जिला प्रशासन को दर्जनों बार आवेदन देकर समस्या से अवगत कराया गया, लेकिन अब तक पुल निर्माण की दिशा में कोई ठोस पहल नहीं हुई है। इसके कारण क्षेत्र की हजारों आबादी आज भी आवागमन की समस्या से जूझ रही है।ग्रामीणों ने बताया कि बरसात के दिनों में नदी का जलस्तर बढ़ने पर लोगों को जान जोखिम में डालकर नाव के सहारे नदी पार करनी पड़ती है।
ऐसे में चचरी पुल से फिलहाल लोगों को राहत जरूर मिलेगी, लेकिन यह स्थायी समाधान नहीं है। ग्रामीणों ने जनप्रतिनिधियों एवं जिला प्रशासन से सुहिया रेतुआ नदी पर जल्द से जल्द उच्चस्तरीय आरसीसी पुल निर्माण कराने की मांग की है, ताकि क्षेत्र के लोगों को वर्षों पुरानी आवागमन की समस्या से स्थायी निजात मिल सके।