घर की लिपाई-पोताई के लिए मिट्टी लेने गई थीं बच्चियां, हादसे में गई तीनों की जान; मृतकों में दो सगी बहनें भी शामिल
दिघलबैंक/मुरलीधर झा
दिघलबैंक पंचायत के सुल्तानगंज गांव में बुधवार को एक बेहद दर्दनाक हादसे में तीन मासूम बच्चियों की मौत हो गई। मृत बच्चियों की पहचान नगमा प्रवीण (10 वर्ष), निशा प्रवीण (9 वर्ष) तथा रूबी खातून (8 वर्ष) के रूप में हुई है। नगमा और निशा सगी बहनें थीं, जबकि रूबी खातून फरियाद आलम की पुत्री थी।
मिली जानकारी के अनुसार, तीनों बच्चियां घर की लिपाई-पोताई के लिए गांव के समीप मिट्टी लेने गई थीं। इसी दौरान मिट्टी खोदते समय अचानक ऊपर से मिट्टी का बड़ा टीला ढह गया और तीनों बच्चियां उसके नीचे दब गईं। हादसे की जानकारी मिलते ही ग्रामीण मौके पर पहुंचे और मिट्टी खोदकर बच्चियों को बाहर निकालने का प्रयास किया।
लेकिन जब तक बच्चियों को निकाला गया तब तक देर हो चुकी थी, इस हादसे में तीनों मासूमों की जान चली गई।
इस हृदयविदारक घटना ने परिवारों की खुशियां छीन लीं। जिन नन्हीं बच्चियों के हाथों में घर संवारने की उम्मीद थी, उनकी असमय मौत से पूरे गांव में मातम पसरा हुआ है।
परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। घटना की खबर मिलते ही गांव में शोक और संवेदना का माहौल बन गया।
घटना के बाद परिजनों ने कानूनी प्रक्रिया आगे बढ़ाने एवं बच्चियों का पोस्टमार्टम कराने से मना किया।
यह हादसा ग्रामीण क्षेत्रों में मिट्टी निकालने के दौरान सुरक्षा के प्रति जागरूकता और सावधानी बरतने की आवश्यकता को एक बार फिर रेखांकित करता है।
घटना के बाद स्थानीय मुखिया प्रतिनिधि गणेश कुमार सिंह, वार्ड सदस्य प्रतिनिधि सहित कई स्थानीय लोग मौके पर पहुंचे और पीड़ित परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की।