भीषण अग्निकांड में चार घर राख,लाखों की क्षति

SHARE:

पोठिया/किशनगंज: पोठिया प्रखंड के रायपुर पंचायत अंतर्गत फर्राबाड़ी गांव में शुक्रवार देर रात करीब दो बजे भीषण आग ने ऐसा तांडव मचाया कि चार टीन के घर पलक झपकते ही राख हो गए। गहरी नींद में सोए ग्रामीणों को संभलने का मौका तक नहीं मिला। देखते ही देखते आग विकराल हो गई और पूरे गांव में अफरा तफरी मच गई।

ग्रामीणों के शोर पर लोग घरों से बाहर निकले, लेकिन तब तक लपटें सब कुछ निगल चुकी थीं। इस अग्निकांड में खैरहिन के परिवार को सबसे ज्यादा नुकसान हुआ। उनकी दो गाय और तीन बकरियां जिंदा जल गईं। परिजनों के मुताबिक एक गाय और एक बकरी गर्भवती थी, जबकि दूसरी गाय दूध देने वाली थी। घर में रखा करीब पांच क्विंटल चावल और आठ क्विंटल धान भी पूरी तरह जलकर राख हो गया।

अंगराल हक का एक कमरा और रसोईघर भी आग की चपेट में आ गया। उन्होंने बताया कि घर में रखे 50 हजार रुपये नकद, जो जरूरी काम के लिए बैंक से निकाले गए थे, आग में स्वाहा हो गए। इसी तरह मो. खुबल का एक कमरा, लगभग एक क्विंटल अनाज और पांच हजार रुपये नकद भी जलकर खत्म हो गए।

आग की लपटें इतनी तेज थीं कि पास के मुख्तार का घर भी झुलस गया। बिजली के तार समेत कई सामान क्षतिग्रस्त हो गए। स्थानीय लोगों ने तुरंत दमकल विभाग को सूचना दी, लेकिन दमकल के पहुंचने से पहले ही ग्रामीणों ने घंटों की मशक्कत के बाद किसी तरह आग पर काबू पाया।

घटना की सूचना मिलते ही अर्राबाड़ी थाना प्रभारी कनक लता मौके पर पहुंचीं और स्थिति का जायजा लिया। रायपुर के पूर्व मुखिया शब्बीर आलम ने बताया कि मामले की जानकारी पोठिया बीडीओ को दे दी गई है।

वही घटना के संबंध मे बीडीओ मो. आसिफ व सहायक बंदोबस्त पदाधिकारी सह प्रभारी सीओ जवाद आलम ने बताया कि प्रशासन पूरे मामले की जांच करा रहा है। जांच पूरी होते ही पीड़ित परिवारों को अनुग्रह राशि बतौर मुआवजा उपलब्ध कराया जाएगा। उन्होंने भरोसा दिलाया कि प्रभावित परिवारों को हरसंभव मदद दी जाएगी।

भीषण हादसे के बाद पीड़ित परिवार खुले आसमान के नीचे आ गए हैं। गांव में मातम जैसा माहौल है। ग्रामीण प्रशासन से जल्द राहत और मुआवजे की मांग कर रहे हैं।

सबसे ज्यादा पड़ गई
error: Content is protected !!