BiharCrime: कटिहार में दिव्यांग मुन्ना हत्याकांड का खुलासा, दोस्तो ने ही लालच में की थी हत्या

SHARE:

लालच में दोस्तों ने ही की थी हत्या – एसडीपीओ

4 गिरफ्तार

कोढ़ा/ कटिहार- कोढ़ा थाना पुलिस ने मुन्ना कुमार हत्याकांड की गुत्थी सुलझाते हुए घटना में शामिल चार अपराधियों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के अनुसार यह पूरी वारदात महज 15 हजार रुपये की लूट और मोबाइल के लालच में अंजाम दी गई थी। सदर एसडीपीओ टु रंजन कुमार सिंह ने बताया कि जुराबगंज निवासी इंदल यादव का पुत्र मुन्ना कुमार (30) जो दोनों पैरों से दिव्यांग था। विगत 28 फरवरी 2026 को अचानक लापता हो गया था। परिजनों की काफी खोजबीन के बाद 5 मार्च 2026 को उसका शव गेड़ाबाड़ी बस्ती के पास एक मकई के खेत से बरामद हुआ।

पुलिस ने जब मृतक के मोबाइल का सीडीआर कॉल डिटेल रिकॉर्ड खंगाला तो अंतिम कॉल मो. शमशेर नाम के युवक की पाई गई। कड़ाई से पूछताछ करने पर शमशेर ने अपना गुनाह कबूल कर लिया और अपने अन्य साथियों के नाम भी उजागर किए। पूछताछ में यह बात सामने आयी कि शमशेर और उसके साथियों ने पैसे के लालच में मुन्ना को बहला-फुसाकर गेड़ाबाड़ी नहर के पास बुलाया।

वहां उसकी हत्या कर दी गई और जेब से मिले ₹15,000 आपस में बांट लिए। शव को छिपाने के उद्देश्य से उसे मकई के खेत में फेंक दिया गया। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए चार आरोपियों को सलाखें के पीछे भेज दिया है। जिनमे मो. शमशेर पिता-मो. सलाम गेड़ाबाड़ी बस्ती ,विक्रम कुमार रविदास पिता भिखारी रविदास पोखर टोला, सोनू सहनी पिता बीटर सहनी, गेड़ाबाड़ी बाजार , मो. मुसराईलम मंसूरी पिता इलियास मंसूरी बालू टोला इसने मृतक का मोबाइल खरीदा था।

पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर मृतक का एंड्रॉयड मोबाइल और घटना में इस्तेमाल की गई टोटो गाड़ी बरामद कर ली है। कोढ़ा थाना में कांड संख्या 93/26 के तहत बीएनएस की विभिन्न धाराओं (103(1), 238, 61(2), 317(4), 317(5)) में मामला दर्ज कर आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।

Leave a comment

सबसे ज्यादा पड़ गई