गुरु पूर्णिमा से पूर्व श्रद्धेय गौरव कृष्ण शास्त्री के जन्मोत्सव पर गुरु-शिष्य प्रेम का अनूठा उत्सव का आयोजन

SHARE:

कटिहार – श्रद्धेय गौरव कृष्ण शास्त्री के जन्मदिन के अवसर पर कटिहार शिष्य परिवार एवं श्री श्याम मित्र मंडल के संयुक्त तत्वावधान में भक्ति, श्रद्धा एवं उल्लास के साथ जन्मोत्सव मनाया गया। इस अवसर पर गुरुजी के चित्र के समक्ष सामूहिक रूप से केक काटकर गुरुजी के प्रति अपनी श्रद्धा और कृतज्ञता व्यक्त की गई।

कार्यक्रम में उपस्थित शिष्यों ने कहा कि गुरु का स्थान जीवन में सर्वोच्च होता है। गुरु ही अज्ञान के अंधकार को दूर कर ज्ञान, संस्कार और आध्यात्मिक चेतना का प्रकाश फैलाते हैं। गुरु और शिष्य का रिश्ता विश्वास, समर्पण और आत्मिक प्रेम का ऐसा पवित्र बंधन है, जो जीवन को नई दिशा और उद्देश्य प्रदान करता है। संस्था के मिडिया प्रभारी पंकज तमाखुवाला ने बताया कि यह आयोजन श्रद्धेय गुरुजी के प्रति कटिहार के शिष्यों की अटूट आस्था और प्रेम का प्रतीक है।

जन्मोत्सव के माध्यम से सभी शिष्यों ने गुरुजी के उत्तम स्वास्थ्य, दीर्घायु एवं निरंतर लोककल्याण की कामना की।इस अवसर पर संरक्षक प्रकाश तमाखुवाला, उपाध्यक्ष संजीव सुरेका एवं राजेश सुल्तानिया, सचिव विकास खंडेलिया ने कहा कि बीते दिनों कटिहार में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने श्रद्धेय गौरव कृष्ण शास्त्री जी से गुरु दीक्षा ग्रहण की थी।

आज वे सभी शिष्य गुरुजी के जन्मोत्सव पर एकत्र होकर अपने गुरु के प्रति श्रद्धा, प्रेम और समर्पण व्यक्त कर रहे हैं। कार्यक्रम में सह सचिव श्रवण मोर, ललित भोपालका, मीका दास, प्रीति सुरेका, कुणाल कुमार, ज्योति सुल्तानिया, प्रीति सुरेका, इंदु तम्बाकुवाला, अंकिता मोर,तनुजा खंडेलिया, मोहन माण्डीवाल, जयोति राय चौधरी, राहुल अग्रवाल, दीपू अग्रवाल, विक्रम केडिया, सुमित कुमार, सौरव सुरेका सहित नन्हे बच्चे और बड़ी संख्या में गुरु भक्त एवं शिष्य उपस्थित रहे। सभी ने गुरुजी के बताये आध्यात्मिक मार्ग पर चलने तथा समाज में प्रेम, सेवा और संस्कारों का संदेश प्रसारित करने का संकल्प लिया।

Leave a comment

सबसे ज्यादा पड़ गई
error: Content is protected !!