एडीजे प्रथम सुरेश कुमार सिंह की अदालत ने सुनाई सजा
किशनगंज/ प्रतिनिधि
अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश प्रथम सुरेश कुमार सिंह की अदालत ने चार वर्ष पुराने एक मामले में मंगलवार को महत्वपूर्ण फैसला सुनाते हुए आरोपियों को 5 – 5 साल की सजा सुनाई है साथ ही जुर्माना भी लगाया गया है।
मालूम हो कि डकैती की घटना को अंजाम देने की योजना बनाने सहित विभिन्न धाराओं में दस आरोपियों को पांच वर्षों की सजा सुनाई है।साथ ही प्रत्येक को दस-दस हजार रुपए का जुर्माना लगाया गया है।जुर्माना की राशि जमा नहीं करने पर एक माह की अतिरिक्त सजा काटनी होगी।आरोपियों में नुरशाद उर्फ डान कोचाधामन,मोहम्मद तहसीन , अजय कुमार यादव, मोहम्मद लायक पूर्णिया, मुकलेश्वर रहमान, मो. आजम, अल्लाउद्दीन उर्फ अंसारी, आरिफ,किशनगंज, जमेरुल साह, बहादुरगंज व अजित कुमार जायसवाल मधेपुरा का रहने वाला है।
अदालत में सरकार की ओर से अपर लोक अभियोजक सुरेन प्रसाद साहा ने जोरदार जिरह पेश की।जिसके बाद अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश प्रथम सुरेश कुमार सिंह की अदालत के अथक प्रयास से गवाही कराते हुए इन आरोपियों को दोषी पाते हुए सजा सुनाई। मामले में कोचाधामन थाना में चार वर्ष पूर्व वर्ष 2021 को कांड संख्या 346/21 के तहत मामला दर्ज करवाया गया था।इसी मामले में एसटी संख्या 177/22 में दोषियों को सजा सुनाई गई।
गौरतलब हो कि चार वर्ष पूर्व 17 दिसंबर 2021 को की रात को कोचाधामन थाना क्षेत्र के मोजबारी पुल के पास अपराध की योजना बनाते हुए दस आरोपियों को पकड़ा गया था। तत्कालीन एसपी कुमार आशीष ने एसआईटी गठन किया गया था। टीम के द्वारा इन बदमाशों को पकड़ा गया था। तत्कालीन एसडीपीओ अनवर जावेद के नेतृत्व में उस वक्त करवाई की गई थी।
उस समय गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने यह भी खुलासा किया था की इन आरोपियों का गिरोह किशनगंज के अलावा आसपास के जिलों में भी सक्रिय था।किशनगंज के अलावे सीमांचल के कटिहार, पूर्णिया, अररिया में भी लूट की घटना को अंजाम दिया जाता था।
























