विधायक गोपाल अग्रवाल के चेतावनी का असर, अवैध बालू खनन से बच रहे हैं माफिया

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रणविजय /पौआखाली:


जदयू विधायक गोपाल कुमार अग्रवाल का बालू माफियाओं को चेतावनी के बाद से बालू के अवैध उत्खनन और परिचालन में संलिप्त तत्वों के बीच पिछले तीन दिनों से हड़कप मचा हुआ है. विधायक गोपाल कुमार अग्रवाल ने तीन दिन पूर्व पौआखाली नगर बाजार में एक सभा में नगर क्षेत्र के पबना पुल के नीचे से बालू के अवैध खनन की चर्चा करते हुए प्रशासन को चेतावनी भरे लहजे में कह दिया था कि पबना में बालू के अवैध खनन पर 24 घंटे में रोक लगे वर्ना तबादले के लिए तैयार रहें.

इस चेतावनी के बाद के दूसरे दिन से ही पबना ही नही बल्कि थाना क्षेत्र के सिमलबाड़ी गांव के समीप से भी हो रहे बालू के अवैध उत्खनन और परिचालन पर रोक लग गई है. विधायक गोपाल कुमार अग्रवाल के इस पहल से सामान्य जनमानस में जहां प्रशंसा हो रही है वहीं अवैध बालू कारोबारियों में हड़कंप मचा हुआ है.

गौरतलब है कि 15 अक्तूबर के बाद बालू घाटों में बालू उत्खनन चालू होने के बाद से ही बिना कलस्टर वाले घाटों से बालू माफियाओं के द्वारा अवैध उत्खनन और परिचालन बेरोक टोक जारी है. खासकर पबना से प्रत्येक दिन सुबह और शाम के वक्त ट्रैक्टरों और छोटे डंपरों के जरिए इलाके के ईटभट्ठों समेत निर्माण कार्य आदि जगहों में बालू उत्खनन कर परिचालन किया जा रहा था.

गौरतलब यह भी है कि पिछले चार पांच वर्षों में पौआखाली थाना क्षेत्र के इन जगहों में अवैध खनन को लेकर विभागीय छापेमारी में कई ट्रैक्टर जब्त किए जा चुके हैं और दो बार छापेमारी टीम में शामिल पदाधिकारियों से झड़प धक्का मुक्की एक सरकारी कार्य में बाधा डालने का मामला भी दर्ज किया जा चुका है. अब देखना होगा कि अवैध उत्खनन हमेशा के लिए बंद होता है या फिर आने वाले समय में इस चेतावनी का असर खत्म हो जाएगा.

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