किशनगंज पुलिस को मिली बड़ी सफलता,543 ग्राम ब्राउन शुगर के साथ कारोबारी बाप बेटा गिरफ्तार

SHARE:

भारत-नेपाल सीमा पर नशे के बड़े नेटवर्क पर प्रहार, 543 ग्राम संदिग्ध ब्राउन शुगर के साथ कुख्यात कारोबारी बाप-बेटा गिरफ्तार

 

दिलशाद/गलगलिया

 

भारत-नेपाल सीमा से सटे जिले के गलगलिया थाना क्षेत्र में एसएसबी की 41वीं वाहिनी और गलगलिया पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए सूखे नशे के बड़े नेटवर्क पर अब तक की सबसे महत्वपूर्ण कार्रवाइयों में से एक को अंजाम दिया है। गुप्त सूचना के आधार पर की गई छापेमारी में पुलिस ने 543 ग्राम संदिग्ध ब्राउन शुगर, 1 लाख 90 हजार 930 रुपये भारतीय मुद्रा, 640 रुपये नेपाली मुद्रा, दो स्मार्टफोन तथा एक डिजिटल वजन मशीन बरामद करते हुए बाप-बेटे को गिरफ्तार किया है। बरामद मादक पदार्थ की अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत लाखों रुपये आंकी जा रही है।

प्राप्त जानकारी के अनुसार एसएसबी के गुप्त विभाग को सूचना मिली थी कि भातगांव पंचायत के वार्ड संख्या-03 स्थित लकड़ी डिपो गांव के एक मकान से बड़े पैमाने पर ब्राउन शुगर की खरीद-बिक्री की जा रही है।

जिसके बाद इसकी सूचना गलगलिया पुलिस को दी गई। सूचना मिलते ही गलगलिया थानाध्यक्ष राकेश कुमार इसकी जानकारी वरीय अधिकारियों को दी गई। इसके बाद ठाकुरगंज अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी-2 मनोज सिंह के नेतृत्व में एसएसबी की 41वीं वाहिनी भातगांव बीओपी तथा गलगलिया पुलिस की संयुक्त विशेष टीम गठित की गई।

संयुक्त टीम ने पूरे इलाके की घेराबंदी कर संदिग्ध कारोबारी के घर में सघन तलाशी अभियान चलाया। तलाशी के दौरान घर के भीतर छिपाकर रखे गए 543 ग्राम संदिग्ध ब्राउन शुगर के अलावा भारी मात्रा में नकदी, नेपाली मुद्रा, दो स्मार्टफोन और एक डिजिटल वजन मशीन बरामद की गई। वहीँ मौके से कारोबारी मो. फारूक पिता- शेख कमाल तथा उसका पुत्र मो. उमर उम्र 21 वर्ष पिता- मो. फारूक दोनों निवासी लकड़ी डिपो, थाना गलगलिया, जिला किशनगंज को गिरफ्तार कर लिया गया।

स्थानीय लोगों का कहना है कि गिरफ्तार मुख्य आरोपित लंबे समय से सीमावर्ती इलाके में सूखे नशे के बड़े कारोबारियों में शामिल रहा है। आरोप है कि अवैध मादक पदार्थों के कारोबार से उसने काफी चल-अचल संपत्ति अर्जित की है और उसका नेटवर्क बिहार, पश्चिम बंगाल तथा नेपाल सीमा तक फैला हुआ है। हालांकि इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी है और पुलिस इस पहलू की भी जांच कर रही है।

स्थानीय सूत्रों का यह भी दावा है कि आरोपित के परिवार के कई सदस्य पूर्व में बिहार और पश्चिम बंगाल के विभिन्न क्षेत्रों में मादक पदार्थों की तस्करी के मामलों में गिरफ्तार हो चुके हैं। पुलिस अब इस परिवार से जुड़े पूरे नेटवर्क, आर्थिक लेन-देन, संपत्ति के स्रोत और तस्करी के संभावित अंतरराज्यीय व अंतरराष्ट्रीय लिंक की जांच में जुट गई है।

गलगलिया थानाध्यक्ष राकेश कुमार के द्वारा उक्त दोनों आरोपी बाप बेटे के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है। साथ ही गलगलिया पुलिस उक्त दोनों बाप बेटे को न्यायिक हिरासत में किशनगंज भेजने की तैयारी में जुटी हुई है।

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ के आधार पर इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की पहचान की जा रही है। आने वाले दिनों में इस मामले में और भी गिरफ्तारियां होने की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।

गौरतलब है कि भारत-नेपाल सीमा से सटा गलगलिया क्षेत्र लंबे समय से मादक पदार्थों की तस्करी के लिहाज से संवेदनशील माना जाता रहा है। सीमा की भौगोलिक स्थिति का फायदा उठाकर तस्कर लगातार नए-नए तरीके अपनाते रहे हैं। हालांकि एसएसबी और जिला पुलिस की संयुक्त कार्रवाई के कारण समय-समय पर ऐसे नेटवर्क का खुलासा होता रहा है।इस कार्रवाई में ठाकुरगंज अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी-2 मनोज सिंह, थानाध्यक्ष राकेश कुमार, पीएसआई वेद प्रकाश निषाद, महिला कांस्टेबल सपना कुमारी, महिला कांस्टेबल मनीषा कुमारी तथा एसएसबी भातगांव के असिस्टेंट कमांडेंट अरविंद कुमार एवं सशस्त्र सीमा बल के जवान शामिल रहे।

पुलिस का कहना है कि सीमावर्ती क्षेत्रों में मादक पदार्थों के अवैध कारोबार के खिलाफ अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा। इस धंधे में संलिप्त किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा और पूरे नेटवर्क को ध्वस्त करने के लिए हर स्तर पर कार्रवाई की जाएगी।

Leave a comment

सबसे ज्यादा पड़ गई