किशनगंज/प्रतिनिधि
जिला पदाधिकारी नवीन कुमार एवं पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार की संयुक्त अध्यक्षता में मुहर्रम पर्व के अवसर पर जिला शांति समिति की बैठक समाहरणालय स्थित महानंदा सभागार में आयोजित की गई।
बैठक की शुरुआत शांति समिति के सदस्यों के परिचय के साथ हुई। बैठक के दौरान सदस्यों द्वारा विभिन्न महत्वपूर्ण विषयों को उठाया गया। सदस्यों ने विशेष रूप से यातायात व्यवस्था को लेकर चिंता व्यक्त करते हुए ट्रैफिक प्रबंधन को सुदृढ़ करने की मांग की। साथ ही आग से जुड़े खेलों पर प्रतिबंध लगाने, गांधी चौक एवं फल चौक सहित प्रमुख स्थलों पर पुलिस बल की उपलब्धता सुनिश्चित करने, जुगाड़ गाड़ियों के परिचालन पर रोक लगाने, नशा एवं स्मैक के विरुद्ध विशेष अभियान चलाने तथा संवेदनशील स्थानों पर निगरानी बढ़ाने की मांग की।

सदस्यों ने पर्व प्रारंभ होने के तीन दिन पूर्व तथा पर्व समाप्ति के तीन दिन बाद तक प्रमुख चौक-चौराहों से झंडे हटाने, बिहार सरकार के नियमों का अक्षरशः अनुपालन सुनिश्चित करने तथा शराब के अवैध कारोबार में संलिप्त व्यक्तियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई करने का आग्रह किया। इसके अतिरिक्त जुलूस मार्गों पर बाइक एवं अन्य वाहनों का परिचालन नियंत्रित करने, गाछपाड़ा क्षेत्र में नियमित गश्ती, महिला पुलिस बल की प्रतिनियुक्ति, बाजार क्षेत्रों में विशेषकर महिलाओं के लिए शौचालय की व्यवस्था, एम्बुलेंस की उपलब्धता, टोटो परिचालन एवं ट्रैफिक व्यवस्था को लेकर एडवाइजरी जारी करने की भी मांग रखी गई। गर्मी को देखते हुए आवश्यकतानुसार ही विद्युत आपूर्ति बाधित करने का सुझाव भी दिया गया।

बैठक को संबोधित करते हुए पुलिस अधीक्षक ने कहा कि हमारे अनुभव एवं आकलन के आधार पर किशनगंज जिला अपनी शांतिपूर्ण, सौहार्दपूर्ण एवं भाईचारे की समृद्ध परंपरा के लिए जाना जाता है। यहां के लोग शांतिप्रिय, सहयोगी एवं मिलनसार हैं तथा सभी समुदायों के लोग आपसी सद्भाव एवं सामाजिक समरसता के साथ रहते हैं। यही कारण है कि जिले में विभिन्न पर्व-त्योहार आपसी सहयोग एवं सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न होते हैं।
उन्होंने कहा कि शांति समिति के सदस्यों द्वारा उठाए गए सभी सुझावों एवं मुद्दों पर प्रशासन गंभीरतापूर्वक विचार करेगा तथा मुहर्रम पर्व के सफल, सुरक्षित एवं शांतिपूर्ण आयोजन के लिए हर संभव बेहतर व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी।
उन्होंने कहा कि नशा एवं शराब के विरुद्ध लगातार कार्रवाई की जा रही है और आगे भी यह अभियान जारी रहेगा। पर्व सभी का है और इसकी सफलता की जिम्मेदारी भी सभी की है। प्रशासन अकेले किसी पर्व को सफल नहीं बना सकता, जब तक आम लोगों का सहयोग प्राप्त न हो। उन्होंने सभी लोगों से मिल-जुलकर शांतिपूर्ण वातावरण में त्योहार मनाने की अपील की।
पुलिस अधीक्षक ने कहा कि सोशल मीडिया आज एक समानांतर दुनिया बन चुका है। यदि सोशल मीडिया पर किसी प्रकार की आपत्तिजनक, भड़काऊ अथवा हिंसा फैलाने वाली सामग्री दिखाई दे तो उसकी सूचना तुरंत प्रशासन अथवा पुलिस को दें, ताकि समय पर आवश्यक कार्रवाई की जा सके। उन्होंने शांति समिति में विभिन्न आयु वर्ग के लोगों की भागीदारी बढ़ाने तथा विशेष रूप से युवा पीढ़ी को जोड़ने की आवश्यकता पर बल दिया। साथ ही सकारात्मक समाचारों एवं सकारात्मक संदेशों के प्रसार का आग्रह किया।
उन्होंने बताया कि इस माह के अंत तक पर्याप्त संख्या में अतिरिक्त पुलिस बल उपलब्ध हो जाएगा। 29 जून तक अररिया से पुरुष पुलिस बल एवं पटना से महिला पुलिस बल प्राप्त होगा। कुल मिलाकर लगभग 350 अतिरिक्त पुलिस बल की उपलब्धता होगी। जुगाड़ गाड़ी एवं टोटो परिचालन को नियंत्रित किया जाएगा। मुहर्रम के उपरांत यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए कुछ नए प्रयोग भी किए जाएंगे। विद्युत व्यवस्था को लेकर भी आवश्यकतानुसार उचित निर्णय लिया जाएगा।
जिला पदाधिकारी नवीन कुमार ने अपने संबोधन में कहा कि उपलब्ध संसाधनों के अनुरूप सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाएंगी तथा आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि जिले से प्राप्त सकारात्मक फीडबैक के आधार पर इस वर्ष भी मुहर्रम पर्व शांतिपूर्ण एवं सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न होने की उम्मीद है।
जिला पदाधिकारी ने स्पष्ट रूप से कहा कि बिना लाइसेंस के कोई भी जुलूस नहीं निकाला जाएगा तथा सभी जुलूस संयमित एवं निर्धारित शर्तों के अनुरूप ही संचालित किए जाएं। उन्होंने कहा कि पुलिस एवं प्रशासन जनता के सहयोग के बिना अपने दायित्वों का सफल निर्वहन नहीं कर सकते। पर्व के दौरान प्रमुख स्थलों पर सीसीटीवी निगरानी एवं वीडियोग्राफी की व्यवस्था की जाएगी तथा पर्याप्त संख्या में दंडाधिकारी, पुलिस पदाधिकारी एवं पुलिस बल की प्रतिनियुक्ति की जाएगी।
उन्होंने अनुमंडल पदाधिकारी को निर्देश दिया कि जुलूस लाइसेंस जारी करने से पूर्व थाना स्तर पर आवश्यक सत्यापन सुनिश्चित कराया जाए। हाल ही में लखनऊ में हुई आग की घटना का उल्लेख करते हुए जिला पदाधिकारी ने सभी लोगों से सतर्क रहने तथा आग से संबंधित किसी भी प्रकार के जोखिमपूर्ण प्रदर्शन से बचने की अपील की। उन्होंने शांति समिति के वरिष्ठ सदस्यों से भी समाज के लोगों को जागरूक करने एवं संयम बनाए रखने का अनुरोध किया।
जिला पदाधिकारी ने सभी जुलूस समितियों को स्वयंसेवकों (वॉलंटियर्स) की सूची प्रशासन को उपलब्ध कराने का निर्देश दिया तथा कहा कि वे स्वयं पुलिस अधीक्षक, अनुमंडल पदाधिकारी एवं अन्य अधिकारियों के साथ शहर का भ्रमण कर व्यवस्थाओं का जायजा लेंगे। उन्होंने सभी लोगों से आपसी भाईचारा, सद्भाव एवं सौहार्द बनाए रखते हुए आनंदपूर्ण वातावरण में मुहर्रम पर्व मनाने की अपील की।
किसी भी आपात स्थिति, विधि-व्यवस्था संबंधी सूचना अथवा सहायता की आवश्यकता होने पर जिला नियंत्रण कक्ष (कंट्रोल रूम) के दूरभाष संख्या 06456-225152 पर संपर्क किया जा सकता है। मुहर्रम पर्व के दौरान जिला नियंत्रण कक्ष 24×7 सक्रिय रहेगा, ताकि प्राप्त सूचनाओं पर त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।
बैठक में अनुमंडल पदाधिकारी श्री अनिकेत कुमार, अन्य प्रशासनिक एवं पुलिस पदाधिकारी तथा शांति समिति के सदस्य उपस्थित थे।

























