राष्ट्रीय महिला दिवस पर विशेष : प्रसिद्ध कवयित्री निधि चौधरी की ‘रावण का वध स्वयं करूंगी’ सहित तीन बेहतरीन रचनाएं पढ़े

(1) रावण का वध स्वयं करूँगी चलना सड़कों पर भी अब मुहाल हुआ,कुचले पुष्प सा तेरा हाल हुआ,खुद की खुशियों का खुद भी हिस्सा बन,तू शिलालेख सा स्वर्णिम किस्सा बन,तू चंडी बन तू दुर्गा बन,रावण का वध स्वयं करूँगी,कहने वाली सीता बन। लाख द्रोपदी लुटती जाए,चिथड़े काया की उड़ती जाए,अब ना कोई वृंदावन या वंशीवाला,यहाँ … Read more

चुनिंदा शायरी

जो महसूस करते हैं वो बयाँ कर देते हैं,हमसे लफ़्ज़ों की दग़ाबाज़ी नहींं होती। आहिस्ता आहिस्ताआहिस्ता आहिस्ता बढ़ रहीं हैंचेहरे की लकीरें….!!शायद नादानी औरतजुर्बे मेंबंटवारा हो रहा है….!! दुरियां जब बढ़ी तो,गलतफैमियां भी बढ़ गई।फिर उसने वो भी सुना,जो मैने कहा ही नहीं। कुछ इस तरह से हमारीबातें अब कम हो गयीकैसे हो? से शुरू … Read more

दर्द उसे भी होता है !

प्रस्तुति /हर्ष सिंह सफर शुरू होता है उसका जैसे ही,कुछ पढ़ने कुछ कमाने बाहर निकल पड़ता है।          सभी की आँखों का तारा अबउनकी याद में सुबक सुबक रो पड़ता है।।            जब भी माँ का फोन हो,झूठी मुस्कान से बस ठीक हूँ कह देता है।      … Read more

कविता :लड़की

एक दिन समटते हुए अपने खालीपन कोमैंने ढूँढा था उस लड़की को,जो भागती थी तितलियों के पीछेसँभालते हुए अपने दुपट्टे कोफिर खो जाया करती थीकिताबों के पीछे, गुनगुनाते हुए ग़ालिब की कोई ग़ज़लअक्सर मिल जाती थी वो लाईब्ररी में,कभी पाई जाती थी घर के बरामदे मेंबतियाते हुए प्रेमचंद और शेक्सपियर से, कभी बारिश में तलते … Read more

बेहतरीन शायरी :पढ़े एक से एक बेहतरीन शायरी

मुहब्बत छोड़ के हर एक जुर्म कर लेना, वरना तुम भी मुसाफिर बन जाओगे तन्हा रातों के ……..…. जिस्म चन्दन, सांस  खुशबू, आंख बादल हो गयी आपसे घुलकर हमारी रूह पागल हो गयी  तुम्हें रात दिन हम पुकारा करेंगे, ऐसे ही बस हम गुजारा करेंगे •••••••••••••••••••••••••••••••••••••••• आओगे एक दिन यकीं है मुझे,हम इतंजार यूं ही … Read more

शायरी : इश्क

इश्क़ इल्ज़ाम है हम पर हम इश्क़ में वफ़ा की हद पार कर गएगुनाह ये है किहम बस…मोहब्बत बेहिसाब कर गए। सौदा घाटे का था पर क्या ही कर गए हम बस…इश्क में बदनाम सरे आम हो गए। उसे देखे बिना न जीए न मर ही गए।हम बस …कभी ग़ालिब कभी गुलज़ार होके रह गए। तुझसे रूबरू होने के क़िस्सेकहानियों में … Read more

कविता :प्रेम केवल आलिंगन नहीं है

कविता /डेस्क प्रेम केवल आलिंगन नहीं हैचुम्बन नहीं हैं वह केवलये कहना भी प्रेम नहीं हैकि मैं तुमसे करता हूँ प्रेम प्रेम तो सिर्फ़ एक स्मृति हैजो उस थोड़ी झुकी हुई बेंच के रूप में है दर्जहमारे भीतरजहाँ कही बैठे थे हमउन सीढ़ियों की स्मृति के रूप मेंजहाँ कहीं बैठकर हमने पी थी चाय कभीअपने … Read more

दिल ने शोर मचाया है -हाशिम फिरोज़ाबादी

गीत /हासिम फिरोजाबादी सांसों ने आवाज़े दी हैं दिल ने शोर मचाया हैतुम आये तो यूँ लगता है चाँद ज़मी पर आया है तितली उड़ना भूल गयी फूल महकना भूल गयेडाली डाली पंछी चुप हैं आज चहकना भूल गयेकितने दिल उलझे हैं इसमें ऐसा जाल बिछाया है सोच रहा हूँ तुझसे मिलकर अपने दिल की … Read more

शायरी :शानदार शायरी ,चुनिंदा शायरी पढ़े …….

उजाले अपनी यादों के हमारे साथ रहने दो न जाने किस गली में ज़िंदगी की शाम हो जाए – बशीर बद्र ——————————————— और भी दुख हैं ज़माने में मोहब्बत के सिवा राहतें और भी हैं वस्ल की राहत के सिवा -फ़ैज़ अहमद फ़ैज़ ———————— रंजिश ही सही दिल ही दुखाने के लिए आ आ फिर … Read more

शायरी : सुनो ❤️साहिबा

सुनो ❤️साहिबा उठा लो दुपट्टे को ज़मीन से कहीं दाग़ न लग जाए पर्दे में रखा करो चेहरे❤️ कोअपनेजग में कही आग?न लग जाये…गर्ग जी ————————————————- बोल उठे लफ्ज किताबो से…..बोल उठे लफ्ज किताबो सेतुमसे मिलना तो है मुश्किलफिर क्यों प्यार झलकता है आंखों सेतुमसे मिलना तो है मुश्किल फिर क्यो प्यार झलकता है आखो … Read more