किशनगंज /प्रतिनिधि
भारत नेपाल और बांग्लादेश सीमा से सटे बिहार के किशनगंज जिले में प्रस्तावित सेना कैंप को लेकर राजनीति तेज हो गई है। कांग्रेस और AIMIM के नेता सेना कैंप के विरोध में एक मंच पर आकर आंदोलन की चेतावनी दे रहे है ।
मालूम हो कि जिले के कोचाधामन और बहादुरगंज अंचल के सीमा स्थित सतभीट्टा,सकोर और नटुआ पाड़ा मौजा में प्रस्तावित सेना कैंप का किसानों ने विरोध जताया है।इस पूरे मामले पर बहादुरगंज विधान सभा सीट से मजलिस पार्टी के विधायक तौसीफ आलम कहना है कि वो आर्मी कैंप का विरोध नहीं कर रहे है ।
बल्कि यह बिहार सरकार की जमीन पर बने उनकी मांग है।श्री आलम ने कहा कि प्रस्तावित सेना कैंप की वजह से किसान भूमिहीन हो जाएंगे ।उन्होंने कहा कि सुरक्षा के साथ साथ किसानों के भूख की चिंता भी सरकार को करनी चाहिए ।वही उन्होंने आंदोलन की चेतावनी दी है।



























