लोकप्रिय शिक्षक शाहिद हुसैन को भावभीनी विदाई, नम आंखों से दी गई सम्मानपूर्ण विदाई

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सहकर्मियों ने कहा, समर्पण, अनुशासन और कर्तव्यनिष्ठा की मिसाल हैं शाहिद हुसैन

पोठिया/किशनगंज/राज कुमार


उत्क्रमित मध्य विद्यालय फुल्हारा में शनिवार को एक भावुक और गरिमामय विदाई सह सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। समारोह में विद्यालय परिवार द्वारा शिक्षक शाहिद हुसैन को उनके उत्कृष्ट शैक्षणिक योगदान, अनुशासित कार्यशैली और विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास में निभाई गई महत्वपूर्ण भूमिका के लिए सम्मानित करते हुए भावभीनी विदाई दी गई।

कार्यक्रम के दौरान विद्यालय परिसर भावनात्मक माहौल में डूबा रहा और उपस्थित शिक्षकों ने उनके व्यक्तित्व एवं कृतित्व की जमकर सराहना की।
समारोह की अध्यक्षता विद्यालय के प्रभारी प्रधानाध्यापक जाकिर हुसैन ने की। कार्यक्रम की शुरुआत अतिथियों के स्वागत और शिक्षक शाहिद हुसैन को पुष्पगुच्छ एवं अंगवस्त्र भेंट कर सम्मानित करने से हुई।

इस अवसर पर वक्ताओं ने कहा कि शाहिद हुसैन ने अपने कार्यकाल के दौरान शिक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान दिया है। उन्होंने हमेशा विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करने के साथ उनमें नैतिक मूल्यों का भी विकास किया।


प्रभारी प्रधानाध्यापक जाकिर हुसैन ने कहा कि शाहिद हुसैन एक ऐसे शिक्षक हैं जिन्होंने विद्यालय को केवल शिक्षण संस्थान नहीं बल्कि संस्कार का केंद्र बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उनका व्यवहार, कार्य के प्रति समर्पण और विद्यार्थियों के प्रति स्नेह हमेशा प्रेरणास्रोत बना रहेगा।


समारोह को संबोधित करते हुए शिक्षक सलाउद्दीन ने कहा कि शाहिद हुसैन ने अपने सहयोगी स्वभाव और सकारात्मक सोच से सभी का दिल जीता है। उनके जाने से विद्यालय परिवार एक अनुभवी और कर्मठ शिक्षक की कमी महसूस करेगा।


मास्टर नौशाद आलम ने कहा कि शिक्षा के प्रति उनकी निष्ठा और छात्रों के भविष्य को संवारने की लगन उन्हें अन्य शिक्षकों से अलग पहचान दिलाती है। वहीं सभी शिक्षकों ने भी उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए कहा कि उनकी सेवाएं और उपलब्धियां लंबे समय तक याद रखी जाएंगी।


अपने सम्मान से अभिभूत शिक्षक शाहिद हुसैन ने विद्यालय परिवार के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि फुल्हारा विद्यालय में बिताया गया समय उनके जीवन की अमूल्य धरोहर रहेगा। उन्होंने कहा कि शिक्षण केवल पेशा नहीं बल्कि समाज निर्माण का सबसे बड़ा माध्यम है और वे जीवन भर शिक्षा एवं समाज की सेवा के लिए प्रतिबद्ध रहेंगे।


कार्यक्रम के अंत में सभी शिक्षकों ने उन्हें स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया तथा उनके सुखद, स्वस्थ और उज्ज्वल भविष्य की कामना की। समारोह में उपस्थित शिक्षकों और कर्मचारियों ने तालियों की गड़गड़ाहट के बीच उन्हें विदाई दी। भावुक माहौल के बीच कई शिक्षकों की आंखें भी नम हो गईं, जिससे कार्यक्रम की गरिमा और आत्मीयता और अधिक बढ़ गई।


मौके पर विद्यालय के छात्र छात्र, शिक्षकगण, शिक्षा प्रेमी एवं अन्य गणमान्य लोग उपस्थित रहे। समारोह सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ।

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