अवैध परिवहन पर प्रभावी कार्रवाई, गलगलिया चेकपोस्ट पर 43 वाहनों से जुर्माना वसूली
किशनगंज/प्रतिनिधि
जिला पदाधिकारी विशाल राज एवं पुलिस अधीक्षक सागर कुमार के संयुक्त आदेशानुसार असम, नागालैंड एवं पश्चिम बंगाल से बिहार में प्रवेश करने वाले कोयला, गिट्टी, बालू सहित अन्य ओवरलोडेड एवं संदिग्ध वाहनों के परिवहन की सघन जाँच गलगलिया चेकपोस्ट पर की जा रही है।
इस क्रम में फर्जी जी.एस.टी. बिल एवं माईनिंग चालान के बिना परिचालित वाहनों के माध्यम से की जा रही अवैध आपूर्ति तथा सीमावर्ती क्षेत्रों में मवेशी, बालू, बेड मिशाली, कोयला, लकड़ी, ब्राउन शुगर, स्मैक, गांजा, सोना, चांदी इत्यादि की अवैध तस्करी की रोकथाम एवं जाँच हेतु मद्य निषेध चेकपोस्ट, गलगलिया पर पदाधिकारियों की प्रतिनियुक्ति की गई है।
गौरतलब है कि अररिया–गलगलिया एन.एच.-327ई, किशनगंज–दालकोला एन.एच.-327 तथा दालकोला–बिपरी पटना (ग्वालपोखर थाना), उत्तर दिनाजपुर एवं किशनगंज जिला से सटे सीमावर्ती क्षेत्रों में इन्ट्री माफियाओं द्वारा अवैध तस्करी किए जाने की संभावना संबंधी शिकायतें प्राप्त हुई थीं। इन शिकायतों के आलोक में जिला प्रशासन द्वारा लगातार सख्त एवं प्रभावी कार्रवाई की जा रही है।
कार्य की गंभीरता एवं महत्ता को दृष्टिगत रखते हुए दिनांक 15.12.2025 से 14.01.2026 तक की अवधि के लिए पदाधिकारियों की प्रतिनियुक्ति की गई है। प्रतिनियुक्त पदाधिकारी संदिग्ध वाहनों की सघन जाँच करते हुए फर्जी जी.एस.टी. बिल एवं माईनिंग चालान की जाँच कर नियमानुसार आवश्यक विधिसम्मत कार्रवाई सुनिश्चित करेंगे।
गलगलिया चेकपोस्ट पर प्रतिनियुक्त पुलिस पदाधिकारी, पूर्व से प्रतिनियुक्त मद्य निषेध पुलिस बल के साथ पूर्ण समन्वय स्थापित कर वाहनों की जाँच एवं चेकिंग कार्यों का सतत, सघन एवं प्रभावी रूप से निर्वहन कर रहे हैं। इस क्रम में मद्य निषेध चेकपोस्ट, गलगलिया पर प्रतिनियुक्त जाँच दल द्वारा विगत एक सप्ताह की अवधि में किए गए सघन जाँच अभियान के दौरान सरकार द्वारा निर्धारित नियमों के उल्लंघन के आरोप में कुल 43 (तैंतालीस) वाहनों से ₹4,11,000/- (चार लाख ग्यारह हजार रुपये मात्र) की जुर्माना राशि वसूल की गई है।
जिला प्रशासन द्वारा स्पष्ट किया गया है कि सीमावर्ती क्षेत्रों में अवैध तस्करी, ओवरलोडिंग एवं नियमों के उल्लंघन के विरुद्ध शून्य सहनशीलता की नीति अपनाई गई है तथा ऐसे किसी भी कृत्य में संलिप्त पाए जाने पर संबंधित व्यक्तियों एवं वाहनों के विरुद्ध आगे भी कठोरतम विधिसम्मत कार्रवाई निरंतर जारी रहेगी।



























