मनसाही/कटिहार – हफलागंज शिव मंदिर चौक के स्थानीय बाबाजी कुटी के मैदान में दो दिवसीय तृतीय वार्षिक सत्संग सद्ज्ञान यज्ञ का शुरुआत हुई। रविवार की सुबह स्तुति विनती के साथ इस सत्संग की शुरुआत हुई इसके बाद भजन प्रवचन के माध्यम से लोगों को कबीर के बताएं मार्गों पर चलने की अपील महात्माओं के द्वारा की गई। संध्या के प्रवचन में राजस्थान से आए संत गौरव साहब ने कहा कि अहंकार लोगों का सबसे बड़ा दुश्मन हैं।

इसलिए लोगों को अपना अहंकार त्यागना चाहिए,बड़े होने का कोई मतलब नहीं जब तक की आप दूसरे का सम्मान नहीं करते। सच्चा ज्ञानी वही होता हैं,जो प्रेम की भाषा जानता हो। जो सज्जन व्यक्ति हो उसकी ज्ञान को देखना चाहिए ना कि उनकी जात को,लोगों को चिंता त्याग कर चिंतन करना चाहिए। लोगों का कल्याण सत्संग से ही संभव हैं और सत्संग ही मोक्ष प्राप्ति का मार्ग भी हैं।
इस अवसर पर काल्सर के गौतम साहेब एवं सहरसा के प्रेमलता साध्वी ने भी अपने प्रवचन एवं भजन के माध्यम से लोगों को कल्याण का मार्ग बताया और कबीर के बातों पर चलने की अपील की। इस सत्संग कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए स्थानीय लोग तन मन धन से सहयोग कर रहे हैं सत्संग प्रवचन के बाद आरती एवं भंडारा का भी आयोजन कमेटी के द्वारा किया गया हैं। सत्संग यज्ञ को देखने के लिए बड़ी संख्या में भक्तों की भीड़ सरस्वती बाबा जी आश्रम सत्संग स्थल में देखा गया।


























