किशनगंज /विजय कुमार साह
टेढ़ागाछ प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में सोमवार को स्वास्थ्य विभाग द्वारा एक महत्वपूर्ण जनहितकारी कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में बहादुरगंज के एआईएमआईएम विधायक तौसीफ आलम, प्रखंड विकास पदाधिकारी अजय कुमार, अंचल अधिकारी शशि कुमार तथा टेढ़ागाछ के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. प्रमोद कुमार की गरिमामयी उपस्थिति रही।
कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य फाइलेरिया से पीड़ित मरीजों को आवश्यक सहायता प्रदान करना एवं दिव्यांगजनों को प्रमाण पत्र उपलब्ध कराना था, ताकि वे सरकारी योजनाओं का लाभ उठा सकें।कार्यक्रम के दौरान प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र टेढ़ागाछ में फाइलेरिया से पीड़ित मरीजों के बीच एमएमडीपी (मॉरबिडिटी मैनेजमेंट एंड डिसएबिलिटी प्रिवेंशन) किट का वितरण किया गया।
एमएमडीपी किट फाइलेरिया रोग से पीड़ित मरीजों के लिए अत्यंत उपयोगी होती है, जिससे उन्हें नियमित देखभाल, सूजन कम करने और संक्रमण से बचाव में सहायता मिलती है। स्वास्थ्य अधिकारियों ने मरीजों को किट के सही उपयोग की जानकारी भी दी।इसके साथ ही कार्यक्रम में दिव्यांगजनों की विधिवत चिकित्सकीय जांच के बाद उन्हें दिव्यांगता प्रमाण पत्र प्रदान किए गए।
प्रमाण पत्र मिलने से दिव्यांगजनों को पेंशन, छात्रवृत्ति, रोजगार, स्वास्थ्य एवं अन्य सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का लाभ प्राप्त करने में सुविधा होगी। लाभुकों ने प्रमाण पत्र मिलने पर खुशी जताई और प्रशासन व स्वास्थ्य विभाग के प्रति आभार व्यक्त किया।इस अवसर पर बहादुरगंज एआईएमआईएम विधायक तौसीफ आलम ने कहा कि सरकार का लक्ष्य है कि स्वास्थ्य सेवाएं गांव-गांव तक पहुंचें और जरूरतमंदों को समय पर लाभ मिले।
उन्होंने कहा कि फाइलेरिया जैसी गंभीर बीमारी से पीड़ित मरीजों को समय पर उपचार, जागरूकता और आवश्यक किट उपलब्ध कराना बेहद जरूरी है। विधायक ने स्वास्थ्य विभाग द्वारा किए जा रहे प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे कार्यक्रमों से आम लोगों को सीधा लाभ मिलता है और उनकी जीवन गुणवत्ता में सुधार होता है।प्रखंड विकास पदाधिकारी अजय कुमार एवं अंचल अधिकारी शशि कुमार ने भी स्वास्थ्य सेवाओं को और सुदृढ़ बनाने पर जोर दिया।
उन्होंने कहा कि प्रशासन की प्राथमिकता है कि सभी पात्र लाभुकों तक सरकारी योजनाओं का लाभ पारदर्शी ढंग से पहुंचे और किसी को भी वंचित न रहना पड़े।वहीं प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. प्रमोद कुमार ने फाइलेरिया रोग से बचाव, नियमित दवा सेवन, साफ-सफाई और व्यक्तिगत स्वच्छता के महत्व पर विस्तार से जानकारी दी।
उन्होंने लोगों से अपील की कि वे स्वास्थ्य कर्मियों द्वारा दी जा रही सलाह का पालन करें और किसी भी बीमारी के लक्षण दिखने पर तुरंत स्वास्थ्य केंद्र से संपर्क करें।
कार्यक्रम में स्वास्थ्य कर्मियों, आशा कार्यकर्ताओं, लाभुकों एवं स्थानीय लोगों की सक्रिय भागीदारी रही। कार्यक्रम का समापन जनस्वास्थ्य को मजबूत बनाने के संकल्प के साथ किया गया।



























