टेढ़ागाछ (किशनगंज)विजय कुमार साह
टेढ़ागाछ प्रखंड अंतर्गत भारत नेपाल सीमा पर स्थित खनियांबाद पंचायत के चिचोरा झाड़ रविवार को नए साल के मौके पर भारत-नेपाल के लोगों से गुलजार रहा। यहां दिन भर पिकनिक का दौर चला। युवा जहां पिकनिक मनाने में व्यस्त थे। वहीं अन्य लोग नए साल का लुफ्त उठाने यहां पहुंचे थे।वही डाकपोखर पंचायत स्थित खर्राबाड़ी में युवा और छोटे छोटे बच्चे बड़ी संख्या पिकनिक मनाने पहुंचे और नववर्ष के अवसर पर खेलते कुदते नजर आए ।

बताते चलें कि खर्राबाड़ी का मनोरम दृश्य देखने लायक है। पेड़ों पर चमगादड़ों का झुंड और तोते की चहचहाहट से बगीचा लोगों के मन को मोह रहा था। यही कारण है कि लोगों ने सुबह से यहां पहुंचकर नव वर्ष का जश्न धूम-धाम से मनाया। डीजे साउंड सेट,गाजे-बजे के साथ अपने -अपने मित्रों की टोली में झुमते नजर आए। स्थानीय समाज सेवी रामकुमार गिरी ने बताया कि लगभग 25 एकड़ भू भाग फैला है खर्राबाड़ी का बगीचा ।

जहां सैकड़ों की संख्या आम,जामुन,शिमल कदम,पिंपल आदि विशाल पेड़ आज भी मौजूद हैं। करोड़ों की वन संपदा से परिपूर्ण गौरिया नदी के तट पर पर्यावरण की छटा बिखेर रहा है। यहां पुराना काली मंदिर भी श्रद्धालुओं के लिए आस्था का केन्द्र बना हुआ है। दुसरी तरफ भारत-नेपाल से पहुंचे लोगों ने खूब जश्न मनाया।
चिचोरा झाड़ किशनी नदी के किनारे घने जंगल के लिए प्रसिद्ध स्थल है। यहाँ हर वर्ष लोग भारी संख्या में पहुँचते है। इसलिए स्थानीय प्रशासन की ओर से सुरक्षा व्यवस्था का पुख्ता इंतजाम था। कोरोना संक्रमण के कारण काफी समय से लोग सरकार के सभी निर्देशों का पालन करते आ रहे थे। लेकिन इस साल नव वर्ष के मौके पर लोगों ने कोरोना काल को भूल कर जमकर जश्न मनाया। प्रशासन के तरफ से जगह जगह सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किया गया था। शराबबंदी को लेकर प्रशासन इस बार ज्यादा सजग था।






























