फलका /कटिहार – फलका प्रखंड मुख्यालय सभागार में संभावित बाढ़ को लेकर प्रखंड स्तरीय बाढ़ अनुश्रवण सह निगरानी समिति की बैठक आयोजित की गई। जिसकी अध्यक्षता प्रखंड प्रमुख दीपशिखा सिंह एवं अंचलाधिकारी सैमी पोद्दार ने संयुक्त रूप से की।
बैठक में प्रखंड विकास पदाधिकारी सन्नी सौरभ, थानाध्यक्ष प्रहलाद यादव, प्रखंड पंचायती राज पदाधिकारी अंशु प्रिया,राजस्व अधिकारी नरेंद्रनाथ आनंद, जिला पार्षद प्रतिनिधि बलराम साह,मुखिया प्रतिनिधि संजय झा,अमित गुप्ता, मो.इमरान, संजय पटेल,मुखिया राजू नायक, बिनोद मिर्धा,भाजपा के शहरी मंडल अध्यक्ष परमानंद शर्मा, ग्रामीण मंडल अध्यक्ष अनुज कुमार मंडल आदि मौजूद थे।बैठक में संभावित बाढ़ से किस तरीके से निपटा जा सकता है और बाढ़ के पूर्व की तैयारी पर विचारों का आदान प्रदान की गई।
सीओ ने बताया कि बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों की पहचान कर ली गयी है।वहीं राहत एवं बचाव कार्य हेतु आवश्यक तैयारी की जा रही है।मुखिया प्रतिनिधि संजय झा,अमित गुप्ता व बलराम साह ने बैठक में बताया कि बाढ़ के समय सर्पदंश की घटना में बढ़ोत्तरी हो जाती है। इसलिए स्वास्थ्य विभाग द्वारा प्रयाप्त दवाई की व्यवस्था करने की मांग रखी। बैठक में सीओ ने कहा कि संभावित बाढ को लेकर क्षेत्र के तेरहों पंचायत के गहरे गांव, टोले को चिन्हित करने व उचें शरण स्थल का चयनित करने के लिए कहा गया।
बाढ़ प्रभावित लोगों को कैसे सुरक्षित रखा जा सके पर सदस्यों से राय ली तथा पशु आश्रय स्थल का चयन। गहरे व जलजमाव वाले क्षेत्र में नाव के परिचालन का मार्ग नाविकों का नाम एवं नाव का परवाना देने की बात कहा गया।बैठक में प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी को प्रखंड क्षेत्र के सभी विद्यालयों को तैयार रखने की बात कही।उन्हें कहा गया कि अभी से ही सभी विद्यालय में बिजली की व्यवस्था,विद्यालय की शौचालय को दुरुस्त कराना एवं विद्यालय को साफ सुथरा रखने की बात कही गई ताकि बाढ़ आने पर लोगों को सुरक्षित विद्यालय में रखा जा सके।
बैठक में निर्णय लिया गया कि अगर प्रखंड क्षेत्र में बाढ़ की स्थिति उत्पन्न होती है तो ऊंचे स्थलों पर कहां- कहां समुदायिक किचन संचालित किया जाएगा और पशु चारा एवं पशु का औषधि की उपलब्धता को लेकर भी चर्चा की गई। साथ ही स्वास्थ्य विभाग से जरूरत की दवाई जैसे डायरिया,सांप काटने पर लगने वाली सूई सहित अन्य दवाई प्रयाप्त मात्रा में रखने की बात कहा गया। बैठक में निर्णय लिया गया कि थामस बांध जहां जहां पर जर्जर है उसे जल्द ही मरम्मत का कार्य कराकर पूर्ण किया जा सके।























