किशनगंज/प्रतिनिधि
होली में पर्व में अब एक दिन शेष बचे हुए है।होली का पर्व जैसे जैसे नजदीक आने लगा है,रेलवे स्टेशन में लोगों की भीड़ भी बढ़ने लगी है। रविवार और सोमवार को भी कई लोग विभिन्न ट्रेनों से किशनगंज पहुंच रहे थे। लेकिन जो स्थिति पहले थी वो इन दो दिनों में भी वैसी ही रही।कोई भी एक्सप्रेस ट्रेन हो या फिर साप्ताहिक स्पेशल ट्रेन हो या होली स्पेशल ट्रेन सभी में भीड़ थी।
सियालदाह से आने वाली कंचनजंगा एक्सप्रेस ट्रेन से उतरे कुछ यात्रियों ने बताया कि चेन्नई में एक फर्म में काम करते है।सीधे किशनगंज का टिकट नहीं मिल रहा था,इसलिए सियालदाह तक स्लीपर में आए और वहां से कंचनजंगा एक्सप्रेस ट्रेन की सामान्य बोगी में किसी तरह से यात्रा कर किशनगंज पहुंचा हूं।
इधर कई लोग ऐसे भी है, जिन्हें ट्रेन में स्लीपर में किशनगंज तक का सीट नहीं मिलने पर सामान्य बोगी में ही यात्रा कर पहुंचे थे। रविवार को भी कुछ यात्री गाजियाबाद से भाया पटना होते हुए किशनगंज पहुंचे थे।ये यात्री गाजियाबाद से एक्सप्रेस ट्रेन में पटना पहुंचे थे।पटना से कैपिटल एक्सप्रेस ट्रेन से सामान्य बोगी में ही सफर करते हुए किशनगंज पहुंचे थे।एक यात्री सुनील मोहम से पूछने पर बताया कि गाजियाबाद से पटना तक का कन्फर्म टिकट मिला था।लेकिन पटना से सामान्य बोगी में ही यात्रा करना पड़ा।
रेलवे सूत्रों के अनुसार आगामी होली त्यौहार और यात्री परिवहन में अपेक्षित वृद्धि के मद्देनजर, पूर्वोत्तर सीमांत रेलवे ने यात्रियों के लिए सुरक्षित, सुगम और आरामदायक यात्रा सुनिश्चित करने के लिए जोन में व्यापक और यात्री-अनुकूल उपायों शुरू की है।
त्यौहार को लेकर की गई योजना के तहत, भारतीय रेलवे एनएफआर के अधीन 14 जोड़ी होली स्पेशल ट्रेनों का परिचालन शुरू किया गया है।जो व्यस्त यात्रा अवधि के दौरान अतिरिक्त भीड़ को कम करने के लिए कुल 128 फेरों के लिए चल रही है।


























