अनन्य विशेष न्यायाधीश पोक्सो अधिनियम की अदालत के प्रयास से आरोपी को सुनाई गई सजा
सागर चंद्रा/किशनगंज
अनन्य विशेष न्यायाधीश पोक्सो अधिनियम दीप चंद पाण्डेय की अदालत ने सोमवार नाबालिग का अपहरण कर छेड़खानी के एक मामले में पोक्सो अधिनियम सहित विभिन्न धाराओं में एक अहम फैसला सुनाया। अनन्य विशेष न्यायाधीश पोक्सो अधिनियम दीप चंद पाण्डेय की अदालत ने पोठिया थाना क्षेत्र निवासी आरोपी अनारुल उर्फ अमेरुल उर्फ छोटन को पोक्सो अधिनियम सहित अन्य धाराओं में पांच वर्षों की सजा सुनाई है।
अदालत ने आरोपी को पीड़िता के साथ अपहरण कर जबरन छेड़खानी करने का दोषी पाते हुए पोक्सो अधिनियम सहित विभिन्न धाराओं में सजा सुनाई है। अदालत ने 40 हजार रुपये अर्थदंड की सजा भी सुनायी है।अर्थदंड की राशि का भुगतान पीड़िता को देय होगा। विशेष लोक अभियोजक पोक्सो अधिनियम मनीष कुमार साह ने अदालत में सजा की बिंदु पर जोरदार जिरह पेस की।साथ ही अनन्य विशेष न्यायाधीश पोक्सो अधिनियम दीप चंद पाण्डेय की अदालत के अथक प्रयासों से आरोपी को सजा सुनाई गई।
मामले में पोठिया थाना में कांड संख्या 92/24 व पोक्सो वाद संख्या 33/24 में दर्ज कांड के तहत नाबालिग के साथ अपहरण कर छेड़खानी का मामला दर्ज करवाया गया था।इसी मामले में आरोपी के विरुद्ध अदालत में केस की सुनवायी चल रही थी।विशेष लोक अभियोजक पोक्सो अधिनियम मनीष कुमार साह ने सजा की बिंदु पर तथ्य प्रस्तुत किया।
मामले में अनन्य विशेष न्यायाधीश पोक्सो अधिनियम दीप चंद पाण्डेय की अदालत के द्वारा आरोपी को उक्त अपराध का दोषी पाया गया।जिसके बाद आरोपी को सजा सुनायी गई।वहीं अदालत की ओर से सरकार को बतौर मुआवजा पीड़िता को 50 हजार रुपये देने का आदेश भी पारित किया गया है।






















