बक्सर जिले में औद्योगिक विकास को नई गति प्रदान करते हुए आज दो महत्वपूर्ण औद्योगिक परियोजनाओं का लोकार्पण एवं शुभारंभ संपन्न हुआ। इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी तथा उद्योग मंत्री डॉ दिलीप कुमार जायसवाल के द्वारा JK Cement Ltd. की बक्सर ग्राइंडिंग यूनिट का लोकार्पण तथा SLMG Beverages Pvt. Ltd. की अत्याधुनिक बेवरेज उत्पादन इकाई का भव्य शुभारंभ किया गया।
बक्सर जिले के डुमरांव प्रखंड अंतर्गत कांत ग्राम में निजी रूप से क्रय की गई लगभग 96 एकड़ भूमि पर ₹512 करोड़ की लागत से स्थापित जेके सीमेंट की अत्याधुनिक सीमेंट उत्पादन इकाई का विधिवत लोकार्पण किया गया। यह इकाई राज्य में सीमेंट उत्पादन को सुदृढ़ करने तथा आधारभूत संरचना संबंधी परियोजनाओं की आवश्यकताओं की पूर्ति में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
इसी क्रम में, एसएलएमजी बेवरेजेज प्रा. लि., जो The Coca-Cola Company की भारत में सबसे बड़ी एंकर बॉटलिंग फ्रेंचाइज़ी है, द्वारा बक्सर जिले के नावानगर औद्योगिक क्षेत्र में लगभग ₹1,200 करोड़ के निवेश से स्थापित अत्याधुनिक बेवरेज पदार्थ उत्पादन इकाई का भी शुभारंभ किया गया। यह संयंत्र आधुनिक तकनीक से सुसज्जित है और क्षेत्र में औद्योगिक गतिविधियों को नई गति प्रदान करेगा।
अपने संबोधन में उप मुख्यमंत्री श्री सम्राट चौधरी ने कहा कि “यह कोका-कोला प्लांट बिहार में औद्योगिकीकरण को नई गति देने के साथ-साथ हजारों-हजार स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के व्यापक अवसर सृजित करेगा और क्षेत्रीय अर्थव्यवस्था को और अधिक सशक्त बनाएगा। बिहार अब उद्योग, निवेश और विकास की नई पहचान गढ़ रहा है। प्रदेश औद्योगिक क्रांति की ओर है। सरकार की नई औद्योगिक नीति के अंतर्गत JK सीमेंट प्लांट के रूप में एक उपलब्धि हासिल हुई है। इससे बिहार में हजारों युवाओं को रोजगार और क्षेत्र को आर्थिक मजबूती मिलेगी। विकास, निवेश और रोजगार के अवसर, यही एनडीए सरकार की प्राथमिकता है।”
उद्योग मंत्री डॉ. दिलीप कुमार जायसवाल ने इस अवसर पर कहा कि “उद्योग विभाग द्वारा किए जा रहे नीतिगत सुधारों एवं निवेश प्रोत्साहन उपायों का सकारात्मक परिणाम आज स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहा है। प्रतिष्ठित औद्योगिक समूहों का बिहार में निवेश करना इस बात का प्रमाण है कि राज्य अब औद्योगिक मानचित्र पर सशक्त रूप से उभर रहा है।” उन्होंने कहा कि जेके सीमेंट एवं एसएलएमजी बेवरेजेज की इकाइयाँ राज्य में आद्योगीकरण को बढ़ावा देंगी तथा प्रत्यक्ष एवं परोक्ष रूप से व्यापक रोजगार सृजन सुनिश्चित करेंगी।
बक्सर जिले में किया गए इन निवेशों से यह सिद्ध होता है कि राज्य के औदयोगिक परिदृश्य को सुदृढ़ करने के साथ-साथ “आत्मनिर्भर बिहार” के लक्ष्य की प्राप्ति की दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है।
बक्सर जिला में ये निवेश निस्संदेह बिहार के औद्योगिक परिदृश्य को एक नई दिशा, नई ऊर्जा और एक नई पहचान देगी जो आत्मनिर्भर बिहार की ओर बढ़ता हुआ एक सशक्त कदम है।




























