अररिया /अरुण कुमार
अररिया जिले के फारबिसगंज थाना क्षेत्र के मार्केटिंग यार्ड के समीप आज सुबह गाड़ी लगाने के विवाद में पिकअप चालक और सत्तू बिक्रेता के बीच बहस हिंसक रूप ले लिया। और सत्तू बिक्रेता ने पिकअप चालक का सर धड़ से अलग कर दिया। इस घटना को जिसने भी देखा उसकी आंखें फटी की फटी रह गई।
घटना के बाद गुसाये लोगों ने भी सत्तू बिक्रेता की पीटपीट कर हत्या कर दी।
घटना के संबंध में बताया जाता हैं कि मार्केटिंग गेट के समीप रवि चौहान नामक युवक सत्तू बेचता था। रोजाना की तरह अपना पिकअप लेकर नबी हुसैन गेट के समीप पहुँचा और रवि को सत्तू का ठेला आगे करने को कहा। वही ठेला नहीं हटाने पर नबी ने अपना पिकअप सत्तू दुकान के आगे खड़ा कर दिया। जिसके बाद दोनों में बहस होने लगी।दोनो में पहले हाथापाई हुई उसके बाद रवि चौहान ने उसे बीच सड़क पर पटक दिया और नीबू काटने के लिए रखे छुरे से उसकी गर्दन को काटकर धड़ से अलग कर दिया।
नबी के जमीन पर गिरते ही रवि चौहान उसके सीने पर बैठ गया और गर्दन को रेतकर सर को धड़ से अलग कर दिया। वही सर को काटने के बाद सर को बीच सड़क पर रख दिया। इस दौरान किसी भी लोगो ने नबी हुसैन को बचाने की कोशिश नहीं की, बस सभी मोबाइल से वीडियो बनाते रहे। वही गला रेतने के बाद रवि चौहान छुरा लेकर इधर उधर घूमता रहा। वही रवि का रूप देखकर किसी ने भी आगे आने की कोशिश नहीं की। कुछ देर के बाद रवि चौहान भागने लगा तब लाठी डंडे लेकर लोग उसके पीछे भागने लगे।
जिसके बाद गुस्साई भीड़ ने रवि चौहान को पीटना शुरू कर दिया। भीड़ ने पीटते पीटते रवि चौहान को मौके पर ही मार डाला।
वहीं घटना के काफी देर बाद पुलिस मौके पर पहुँची। तब तक लोग आसपास के दुकानों में तोड़फोड़ शुरू कर दी। आग लगाकर सड़क को जाम कर दिया। घटना की जानकारी अररिया एसपी जितेंद्र कुमार को मिलते ही वे पुलिस फोर्स लेकर मौके पर पहुँचे और उपद्रवियों को खदेड़ा। वहीं आरोपी रवि चौहान के शव को फारबिसगंज अस्पताल भेजा। इसी बीच फिर अफवाह फैली की आरोपी रवि चौहान जिंदा हैं, तो लोगो ने फारबिसगंज अस्पताल पर हमला बोल दिया। वहाँ सुरक्षा में लगे गार्ड को मारा पीटा और तोड़फोड़ की। पुलिस के आने के बाद सभी फरार हो गए।
अररिया एसपी जितेंद्र कुमार ने बताया कि मामला अभी कन्ट्रोल में हैं। उन्होंने लोगो से अफवाह पर ध्यान न देने की अपील की हैं। मृतक के भाई अली हुसैन ने बताया कि उसका रवि चौहान से कोई दुश्मनी नहीं थी, फिर भी उसके भाई को मार दिया गया।



























