अधिकारी और कर्मचारी एक-दूसरे से कार्रवाई के कारणों व आगे की प्रक्रिया पर चर्चा करते दिखे।
राजेश दुबे/किशनगंज
किशनगंज अंचल कार्यालय में पदस्थापित राजस्व कर्मचारी राजदीप पासवान की गिरफ्तारी के दूसरे दिन भी शहर में चर्चाओं का बाजार गर्म रहा।मालूम हो कि निगरानी विभाग की सात सदस्यीय टीम गिरफ्तार राजस्व कर्मचारी राजदीप पासवान को अपने साथ लेकर रवाना हो गई है।
टीम के द्वारा गिरफ्तार राजस्व कर्मचारी से पूछताछ भी की गई थी। पूछताछ में कई अहम खुलासे भी हुए है।जिसमें यह बात भी सामने आई है कि इस खेल में किनकी संलिप्तता हो सकती है।हालांकि निगरानी टीम के द्वारा की गई पूछताछ को गुप्त रखा गया है।
वहीं निगरानी विभाग के द्वारा राजस्व कर्मचारी के विरुद्ध की गई कार्रवाई के बाद दूसरे दिन बुधवार को प्रखंड और अंचल कार्यालय का माहौल कुछ अलग रहा।अंचल व ब्लॉक के कर्मचारी समय पर अपने कार्यालय पहुंचे थे।लेकिन हर किसी के चेहरे के भाव अन्य दिनों की अपेक्षा कुछ अलग थे।
हर कोई निगरानी विभाग की कार्रवाई की चर्चा दबी जुबान से कर रहा था।गुलाबी ठंड के बावजूद कर्मचारी अलग अलग गुटों में पेड़ की छांव के नीचे चर्चा में जुटे हुए थे।कर्मचारी एक-दूसरे से कार्रवाई के कारणों व आगे की प्रक्रिया पर चर्चा करते दिखे।कार्रवाई ने पूरे तंत्र को झकझोर दिया है।
राजदीप की गिरफ्तारी के बाद से ही अफसरों और कर्मियों के बीच अटकलों और चर्चाओं का दौर लगातार जारी है। इधर अंचल परिसर के आसपास के होटलों में भी निगरानी की कार्रवाई को लेकर चर्चा होती रही।हालांकि दुकानों के आसपास लोगों का जमावड़ा भी बुधवार को कम रहा।
आर टी पी एस काउंटर में इक्का दुक्का लोग पहुंचे थे जहां उनके द्वारा आवेदन किया जा रहा था ।अंचलाधिकारी कार्यालय में मौजूद नहीं थे,एक कर्मचारी से पूछने पर बताया गया कि वो जिला में है।मिली जानकारी के मुताबिक गिरफ्तार राजस्व कर्मचारी राजदीप पासवान ने वर्ष 2021 में किशनगंज जिले में योगदान दिया था।इससे पहले वे कोचाधाम प्रखंड में पदस्थापित थे।वर्ष 2023 में सदर प्रखंड में स्थानांतरण हुआ था।तब से सदर प्रखंड में ही पदस्थापित थे।
उनके पास नगर परिषद क्षेत्र के साथ साथ अन्य कई पंचायतों का भी जिम्मा था। सूत्रों की माने तो राजस्व कर्मचारी बिना चढ़ावा के कोई काम नहीं करते थे।नाम नहीं छापने की शर्त पर कई लोगों ने राजदीप पासवान की करतूतों पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि काम चाहे छोटा हो या बड़ा बिना चढ़ावा के कोई काम नहीं होता था।
विभाग के कर्मी भी राजस्व कर्मचारी से परेशान थे ।इधर सोशल मीडिया पर भी राजदीप की गिरफ्तारी के बाद कई यूजर्स ने खुल कर अपनी प्रतिक्रिया व्यक्त की है।जिले के बुद्धिजीवी वर्ग का कहना है कि निगरानी विभाग यदि मामले के तह तक जाती है तो कई लोग जाल में फसेंगे ।

























