कटिहार – कोलासी पुलिस शिविर कोढ़ा थाना क्षेत्र में पुलिस की कथित मिलीभगत से एक किसान के खेत में लगी तैयार मकई की फसल को भू-माफियाओं द्वारा लूटने और जब्त किए गए ट्रैक्टर और अनाज को बिना किसी कानूनी प्रक्रिया के वापस आरोपियों को ही पुलिस द्वारा सौंप दिए जाने का मामला प्रकाश में आया।जानकारी के अनुसार बरमसिया निवासी पीड़ित किसान संजय कुमार सिंह ने पुलिस अधीक्षक को आवेदन देकर न्याय की गुहार लगाई है। घटना बीते 30 अप्रैल 2026 की है। पीड़ित का आरोप है कि दोपहर करीब 1 बजे संजय यादव, कुमार राकेश,रिंकू यादव और जैदुल समेत 20-25 हथियारबंद लोगों ने उनके 15 बीघा के खेत में घुसकर जबरन फसल काटना शुरू कर दिया।
पीड़ित ने तत्काल डायल 112 और स्थानीय पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलने पर सहायक थाना कटिहार के एसआई मोहम्मद सद्दाम हुसैन और कोलासी कैंप के एएसआई अश्विनी कुमार दलबल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने वहां से मकई से लदा एक बिना नंबर प्लेट का ट्रैक्टर-ट्रेलर जब्त किया और उसे कोलासी पुलिस शिविर ले आई। हैरानी की बात तब हुई जब पीड़ित ने थाने जाकर कार्रवाई की जानकारी ली।
आरोप है कि पुलिस अधिकारियों ने भू-माफियाओं के साथ साठगांठ कर बिना किसी प्राथमिकी दर्ज किए ही, अनाज से लदे ट्रैक्टर को चुपचाप छोड़ दिया। पीड़ित का दावा है कि लूट की इस घटना में उन्हें करीब 80 हजार रुपये का आर्थिक नुकसान हुआ है।पीड़ित संजय कुमार सिंह का दर्द सिर्फ वर्तमान घटना तक सीमित नहीं है।
उन्होंने बताया कि साल 2020 में भी इसी तरह उनकी गेहूं की फसल लूट ली गई थी। उस समय भी पुलिस को लिखित शिकायत दी गई थी, लेकिन आज तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। मामला पटना उच्च न्यायालय सी डब्ल्यूजेसी 20372/2025 और अन्य न्यायालयों में विचाराधीन होने के बावजूद माफियाओं के हौसले बुलंद हैं।पुलिस ने मेरी आंखों के सामने मेरे अनाज को माफियाओं को सौंप दिया।




























