पूर्वोत्तर राज्यों के पर्यटन स्थल के साथ-साथ राष्ट्रीय उच्च पथ के किनारे को विकसित करने के उद्देश्य एवं रोजगार में बढ़ोतरी को लेकर सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय और पर्यटन मंत्रालय के बीच राष्ट्रीय उच्च पथ के किनारों को विकसित करने के लिए महत्वपूर्ण समझौते पर हस्ताक्षर किया गया है। सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय द्वारा प्रेस विज्ञप्ति जारी कर बताया गया कि केंद्रीय मंत्री श्री नितिन गडकरी के साथ केंद्रीय मंत्री श्री जी किशन रेड्डी और केंद्रीय राज्य मंत्री श्री श्रीपद नाइक की मौजूदगी में समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए गए हैं।
इस समझौते के जरिए पर्यटन स्थलों पर वे-साइड एमिनिटीज (डब्ल्यूएसए) यानी सड़क किनारे सुविधाएं और व्यू-पॉइंट (नजारा लेने की जगह) विकसित करने में पर्यटन मंत्रालय और भारतीय पर्यटन विकास कार्पोरेशन (आईटीडीसी) की विशेषज्ञता का लाभ उठाया जाएगा।जारी विज्ञप्ति में बताया गया कि यह राष्ट्रीय राजमार्ग लॉजिस्टिक प्रबंधन लिमिटेड (एनएचएलएमएल) को सभी पूर्वोत्तर राज्यों के पर्यटन स्थलों पर विश्व स्तरीय वे-साइड एमिनिटीज (डब्ल्यूएसए) बनाने में सक्षम बनाएगा। इस मौके पर सरकार के वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद थे।