टेढ़ागाछ (किशनगंज) विजय कुमार साह
प्रखंड क्षेत्र में पोषण पखवाड़ा के तहत आंगनबाड़ी केंद्रों द्वारा जागरूकता रैली निकाली गई, जिसमें बड़ी संख्या में महिला, बच्चे और स्थानीय लोगों ने भाग लिया। यह अभियान 9 से 23 अप्रैल 2026 तक पूरे देश में मनाया जा रहा है, जिसका मुख्य उद्देश्य जीवन के पहले छह वर्षों में बच्चों के मस्तिष्क के विकास को अधिकतम करना है। महिला एवं बाल विकास मंत्रालय द्वारा संचालित इस अभियान के तहत शारीरिक और मानसिक विकास सुनिश्चित करने के लिए संतुलित पोषण, प्रारंभिक बाल्यावस्था देखभाल और स्क्रीन टाइम को कम करने पर विशेष जोर दिया जा रहा है।
आंगनबाड़ी सेविकाओं और सहायिकाओं ने रैली के माध्यम से लोगों को पोषण के महत्व, स्वच्छता और बच्चों के समुचित विकास के प्रति जागरूक किया।आठवें पोषण पखवाड़ा (2026) के तहत कई महत्वपूर्ण बिंदुओं पर विशेष ध्यान केंद्रित किया गया है। इसमें जीवन के पहले छह वर्षों को अत्यंत महत्वपूर्ण मानते हुए पहले 1000 दिनों में पोषण और देखभाल को प्राथमिकता दी गई है।
साथ ही 0 से 3 वर्ष तक के बच्चों के प्रारंभिक विकास, 3 से 6 वर्ष तक के बच्चों के लिए खेल आधारित शिक्षा, मातृ एवं शिशु पोषण तथा बच्चों के स्क्रीन टाइम को कम करने पर जोर दिया गया है। इसके अतिरिक्त आंगनबाड़ी केंद्रों को अग्रिम पंक्ति के स्वास्थ्य क्लीनिक के रूप में मजबूत बनाने और “विद्यारंभ” जैसे कार्यक्रमों के माध्यम से प्रारंभिक शिक्षा को बढ़ावा देने की योजना पर भी कार्य किया जा रहा है।
सामुदायिक भागीदारी को बढ़ावा देने के लिए पोषण रैली, “पोषण पे चर्चा” और स्थानीय पौष्टिक व्यंजनों की प्रदर्शनी सहित विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। प्रभारी सीडीपीओ श्रीमती निशा कुमारी ने बताया कि वैज्ञानिक तथ्यों के अनुसार मस्तिष्क का 85 प्रतिशत से अधिक विकास छह वर्ष की आयु तक हो जाता है।
इसलिए इस अवधि में उचित पोषण और देखभाल अत्यंत आवश्यक है, जिससे बच्चों के शारीरिक, मानसिक एवं बौद्धिक विकास को मजबूत आधार मिल सके।इस अवसर पर लोगों ने पोषण के प्रति जागरूक रहने और बच्चों के बेहतर भविष्य के लिए संतुलित आहार अपनाने का संकल्प लिया।

























