फील्ड विजिट से सीखा पूरा प्रोसेस
बरारी /कटिहार – प्रखंड क्षेत्र के लक्ष्मीपुर गांव स्थित मांगन साह फार्म पर शुक्रवार को मखाना की आधुनिक खेती को लेकर एक दिवसीय प्रशिक्षण सह एक्सपोजर विजिट का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में हॉर्टिकल्चर एंड सॉइल कंजर्वेशन विभाग, मणिपुर से आए 10 वैज्ञानिकों,प्रोफेसरों तथा 15 प्रगतिशील किसानों के 25 सदस्यीय दल ने भाग लिया और उन्नत तकनीकों की बारीकियां समझीं।
कार्यक्रम का संचालन प्रगतिशील किसान नीतीश राज,अनिल कुमार गुप्ता,सुनील कुमार गुप्ता,अशोक कुमार गुप्ता, मनोज कुमार गुप्ता एवं निशांत राज के मार्गदर्शन में हुआ। वहीं अभय जायसवाल, राजीव कुमार भारती और अमरेंद्र सिंह संजू,लालबहादुर यादव सहित स्थानीय किसानों ने मणिपुर से आए दल को मखाना उत्पादन की पूरी प्रक्रिया विस्तार से समझाई। आगंतुकों का पारंपरिक ढंग से स्वागत भी किया गया।
प्रशिक्षण के दौरान बीज चयन, खेत की तैयारी, जल प्रबंधन, कटाई, बुहराई प्रोसेसिंग और विपणन तक के हर चरण की जानकारी दी गई। मणिपुर से आए अधिकारी और किसान खुद खेत में उतरकर खेती की तकनीकों को व्यावहारिक रूप से सीखते नजर आए।इस मौके पर संयुक्त निदेशक इम्फाल पूर्व, पुखराम प्रमोदो देवी, उप निदेशक इम्फाल पश्चिम, अंगोम सुनीता देवी, सहायक कृषि पदाधिकारी एच एंड एससी, इम्फाल पश्चिम मैस्नाम पारस सिंह एवं लैपुबम त्रिवंकर शर्मा, सहायक कृषि पदाधिकारी थौबल मोइरांगथेम तिजेंद्र सिंह, सहायक कृषि पदाधिकारी एच एंड एससी, बिष्णुपुर सुखम जोयबी सिंह, फार्म मैनेजर कृषि विज्ञान केंद्र केवीके, थौबल डब्ल्यू जितेन सिंह, फील्ड स्टाफ मणिपुर मखाना विकास एजेंसी निंगोमबम लांचेनबा व आरके विश्वराज तथा कंप्यूटर ऑपरेटर पामेई नाइंगलुंग उपस्थित रहे। साथ ही कोंगखाम मनिहार मीतेई, नाओरेम नारा सिंह, नाओरेम चंद्र सिंह, लैशराम ऋषिकांत सिंह,थोकचोम रतन सिंह,अमोम राजू सिंह, टोंगब्रेम थोइबा सिंह, थियाम रोमें सिंह, थोंगराम समनंदा सिंह, मुतुम रोबिंद्रो सिंह, लेइमापोकपाम टिकेंद्र सिंह, विनम शरतचंद्र सिंह, लैशराम हिटलर सिंह, लेइमापोकपाम थेम्बा मीतेई और नाओरेम नाओबा सिंह समेत कई किसानों ने खेत में उतरकर तकनीकी जानकारी हासिल की।
भोला पासवान शास्त्री कृषि महाविद्यालय,पूर्णिया के डॉ. बालकृष्ण, डॉ. चुंन्नी कुमारी और डॉ. प्रीति सुंदरम ने भी आधुनिक उत्पादन तकनीक पर प्रकाश डाला। डॉ. बालकृष्ण ने बताया कि कुलपति डॉ. डीआर सिंह के निर्देशानुसार उन्नत मखाना बीज को देशभर में पहुंचाने का लक्ष्य है।वहीं बिहार कृषि विश्वविद्यालय सबौर के अनुसंधान निदेशक डॉ. अनिल कुमार सिंह के मार्गदर्शन में इस क्षेत्र में निरंतर शोध जारी है।अंत में अधिष्ठाता सह प्राचार्य डॉ. दिलीप कुमार महतो ने कहा कि प्रशिक्षण के बाद प्रतिभागी अपने – अपने राज्यों में मखाना की नई तकनीकों का प्रसार करेंगे। इसके अलावा दल ने मखाना फोड़ी का भी भ्रमण कर प्रोसेसिंग की विधियों को करीब से समझा।




























