संवाददाता/किशनगंज
बाल विवाह मुक्त भारत अभियान के तहत 100 दिवसीय जागरूकता कार्यक्रम की सफलता हेतु जिले सभी माध्यमिक अथवा उच्च माध्यमिक विद्यालय के प्रधानाचार्य के साथ अनुमंडल पदाधिकारी -सह- बाल विवाह प्रतिषेध पदाधिकारी अनिकेत कुमार की अध्यक्षता में बैठक आयोजित किया गया।
जिसमें जिले से बाल कल्याण समिति, बाल संरक्षण इकाई के सदस्य, महिला एवं बाल विकास निगम के समन्वयक, जन निर्माण केन्द्र के सभी कर्मी सहित राहत संस्था के सचिव उपस्थित थे। बाल विवाह मुक्त भारत अभियान के तहत 100 दिवसीय कार्यक्रम को सफल बनाने में जिला प्रशासन के साथ मिलकर जन निर्माण केंद्र भागीदारी अहम रही। इस कार्यक्रम में जिला स्तर पर बाल विवाह रोकथाम के लिए आवश्यक रणनीति पर सर्व सहमति से चर्चा की गई।
समाज में बाल विवाह जैसे जघन्य अपराध को रोकने की दिशा रचनात्मक पहल पर विशेष बल दिया गया। अनुमंडल पदाधिकारी -सह- बाल विवाह प्रतिषेध पदाधिकारी अनिकेत कुमार ने बैठक को संबोधित करते हुए कहा कि सभी स्कूल में साप्ताहिक रूप बाल विवाह मुक्त भारत अभियान के विषय में विस्तार से जानकारी देना है। बाल कल्याण समिति के सुचारू से क्रियान्वयन पर विशेष रूप से चर्चा किया गया।
आगे इन्होंने कहां की जिला प्रशासन, पुलिस, ग्राम पंचायतों और शिक्षकों के साथ मिलकर हमने जमीन पर जो किया है, उससे आए बदलाव और नतीजे देखे जा सकते हैं। बच्चे समाज के सबसे संवेदनशील अंग हैं और हमें ये याद रखना चाहिए कि ट्रैफिकिंग के पीड़ित बच्चों को मुक्त कराना सिर्फ पहला कदम है। अगर हमें गरीबी, बाल मजदूरी और बाल विवाह के दुष्चक्र को तोड़ना है तो इसके लिए पुनर्वास, बच्चों का वापस स्कूलों में दाखिला और कल्याणकारी योजनाओं से जोड़कर आर्थिक दृष्टि से संवेदनशील परिवारों की सहायता आवश्यक है।”
इस अवसर पर संस्था के जिला परियोजना समन्वयक मोहम्मद मुजाहिद आलम, साथ के साबिह अनवर, जफर अंजुम, मोहम्मद जहांगीर आलम, रानी कुमारी, सोमिला कुमारी, दामोदर आदि मौजूद थे।




























