अमर ..अकबर ..एंथोनी

कुमार राहुल मुंबई के लोकमान्य तिलक टर्मिनल से मुंबई -मुगलसराय एक्सप्रेस पर चढ़ने के लिए आज काफी लोग आए थे। किसी के चेहरे में घर जाने की खुशी नहीं थी ।सभी निराश नजर आ रहे थे। गाड़ी आते ही धक्का-मुक्की कर सब लोगों की तरह मैं भी गाड़ी में सवार हो गया ।गाड़ी में चढ़ते … Read more

उत्सव -कुमार राहुल की कलम से

 रजनीश के अनुसार मौत जिंदगी का अंत नहीं ,बल्कि एक नई जिंदगी की शुरुआत है ।इसलिए ‘ओशो ‘को मानने वाले मृत्यु को सेलिब्रेट  करते और उत्सव के रूप में मनाते हैं। चाइना ने विश्वव्यापी उत्सव का नाम दिया है ,नोबेल कोरोना वायरस या कोविड-19। भारत ने इस उत्सव  को  दिल से मनाने को ठाना… शुरुआत … Read more

कोरोना : चीन की खतरनाक करामात !!

सुशील दुबे जून 2019 , दुनिया सामान्य रूप से चल रही थी। तभी चीन के तानाशाही सरकार ने एक कानून बनाया और अपने समस्त नागरिकों पर वैक्सीन लगवाना अनिवार्य कर दिया। अनिवार्य का अर्थ, आवश्यक अनिवार्य क्योंकि बात चीन की हो रही है, और नतीजा भी यही रहा कि लोगों को पकड़ कर कई सारे … Read more

देश :संकट में पूरी तन्मयता से देश के साथ खड़ा राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ ,सेवा के साथ साथ पॉजिटिविटी अनलिमिटेड कार्यक्रम के जरिए नकारात्मकता दूर करने का भी संघ ने उठाया बीड़ा

राजेश दुबे “देश हमें देता सब कुछ है, हम भी तो कुछ देना सीखें” इसी भाव को लेकर संघ के स्वयंसेवक कोरोना संकट में पूरी तन्मयता के साथ सेवा कार्य में जुटे हुए हैं ।संघ की अनुसांगिक संगठन सेवा भारती,अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद,विश्व हिन्दू परिषद,बजरंगदल के कार्यकर्ता देश के अलग अलग राज्यो में भोजन पैकेट … Read more

कोरोना संकट और
कितना गम्भीर हमारा समाज ?

सुशील दुबे बढ़ रहे कोरोना संक्रमितों की संख्या और उसी के साथ बदल रहे कोरोना के नए जेनेटिक म्युटेशन ने समूचे विश्व के सामने अबतक की सबसे विकट परिस्थिति रख दी है। जहाँ विश्व भर के वैज्ञानिक तमाम कोशिशों के ज़रिए इसके समुचित इलाज जिसमे दवाई तथा वैक्सीन शामिल है उन्हें सार्थक करने के लिए … Read more

जिम्मेदार कौन ?
(कोरोना /मोदी) -कुमार राहुल की कलम से

हमीरपुर (कानपुर ,उत्तर प्रदेश) यमुना नदी में 12 लाशें तैरती मिली ,पुलिस रिपोर्ट में सभी लाशें कोरोना पीड़ितों की थी ,मध्य प्रदेश की सीमा से सटे उत्तर प्रदेश के 13 गांव का एक अखबार ने जायजा लिया। ललितपुर जिले में अचानक लोग सर्दी ,खांसी, जुकाम से मर रहे हैं ।इनमें से किसी लोगों का आरटीपीसीआर,या … Read more

ऑक्सीजन -कुमार राहुल

प्रस्तुति /कुमार राहुल ऑक्सीजन नहीं है ,का बोर्ड लगा है, अधिकतर अस्पतालों में ! तड़पते ,रोते ,बिलखते लोग, सड़क पर इंतजार कर रहे हैं, कि कहीं अस्पताल वाले को दया आ जाए ,और उसके मरीज को बेड दे दे। लेकिन अस्पताल वाले भी क्या करें। उसके पास क्षमता से अधिक मरीज है ।केंद्र सरकार ऑक्सीजन … Read more

बम बारूद बंदूक और बंगाल !

सुशील दुबे अंग्रेजी में एक बहुचर्चित कथन है बंगाल के संदर्भ में।What bengal thinks today, india will think tomorrow.उपरोक्त कथन न सिर्फ बंगाल की दूरदर्शिता की बात करता है अपितु समृद्ध बौद्धिक, समाजिक एवम सांस्कृतिक विरासत के दृष्टिकोण पर भी प्रकाश डालता है। यह बंगाल ही था, जहाँ खुदीराम बोस जैसे माँ भारती के सपूत … Read more

चुनावी हिन्दू 

राजेश दुबे नेताओं द्वारा खुद को हिन्दू साबित करने की होड़ मच चुकी है ।यह परिवर्तन बीते कुछ वर्षों में देखने को मिला है ।कभी खुद को मुस्लिम समाज का मसीहा के रूप में दिखाने वाले नेता अब चुनाव के समय मंदिर मंदिर घूमते नजर आते है ।कांग्रेस नेता राहुल गांधी ,प्रियंका गांधी,अखिलेश यादव और … Read more

किसान आंदोलन की आड़ में घटिया राजनीति कब तक

राजेश दुबे दिल्ली में बीते दो महीनों से भी अधिक समय से जारी किसान आंदोलन को अब देश की विपक्षी पार्टियां सत्ताधारी बीजेपी के खिलाफ एक हथियार के रूप में इस्तेमाल करने के लिए पूरी तरह से खुल कर सामने आ चुकी है । किसान संगठनों और सरकार के बीच हुई 11 दौर की वार्ता … Read more